जयपुर में 14 सितंबर को बैंक के ATM(Jaipur ATM) से कैश ले जा रहे कर्मचारियों से हुई 42 लाख रुपए की लूट के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। रामनगरीया थाना पुलिस ने इस मामले के मुख्य सूत्रधार मस्तराम मीणा उर्फ मस्ती को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसके कब्जे से लूट की रकम में से 4 लाख रुपए के अलावा देसी पिस्टल, दो मैगजीन और छह जिंदा कारतूस बरामद किए हैं।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी मस्तराम मीणा (28) करौली के कसोले का पुरा का रहने वाला है और फिलहाल जयपुर के श्रीकृष्णपुरा में रह रहा था। वारदात के बाद वह लगातार अपना ठिकाना बदल रहा था। वह कोटा और कोयंबटूर समेत अलग-अलग जगहों पर छिपकर पुलिस से बचने की कोशिश करता रहा। आखिरकार पुलिस टीम ने उसे 5 अक्टूबर को इंदिरा गांधी नगर इलाके से पकड़ लिया।
छुट्टियों के बाद ATM में था ज्यादा कैश
यह वारदात रामनगरीया थाना क्षेत्र में अक्षयपात्र मंदिर के पास हुई थी। बैंक ऑफ इंडिया के ATM में कैश डालने के बाद कर्मचारी बाहर निकल रहे थे। इसी दौरान बाइक सवार बदमाशों ने हथियार दिखाकर उन्हें रोक लिया और करीब 42 लाख रुपए से भरा बैग लेकर फरार हो गए।
जांच में सामने आया कि बदमाशों ने पहले बैंक की गतिविधियों पर नजर रखी थी। उन्हें पता था कि ATM में कैश डालने का समय तय नहीं रहता। तीन दिन की छुट्टियों के बाद ATM में सामान्य से ज्यादा रकम मौजूद थी जिसका फायदा उठाकर वारदात को अंजाम दिया गया।
CCTV से पुलिस ने जोड़ा पूरा रूट
पुलिस ने आरोपियों की तलाश में अलग-अलग रास्तों पर लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली और उनके संभावित रूट की जानकारी जुटाई। इसी जांच के आधार पर पुलिस मुख्य आरोपी तक पहुंची। इस मामले में अब तक चार आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
अंशु कुमार जाटव को 16 सितंबर, जबकि सुमित जांगिड़ और पुष्पेंद्र को 23 सितंबर को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस अब तक आरोपियों से कुल 38 लाख रुपए बरामद कर चुकी है। मस्तराम से मिले हथियार और बाकी रकम के बारे में पुलिस की पूछताछ जारी है।