पंजाब में कांग्रेस की अंदरूनी राजनीति और गुटबाजी के बीच पार्टी के वरिष्ठ नेता सचिन पायलट(Sachin Pilot) सक्रिय हो गए हैं। राहुल गांधी के प्रस्तावित पंजाब दौरे से पहले पायलट पांच दिनों में 11 जिलों का दौरा करेंगे। इस दौरान वह पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर संगठन की स्थिति का जायजा लेंगे। उनके दौरे को पंजाब कांग्रेस में आपसी मतभेदों और गुटबाजी का आकलन करने की कवायद के तौर पर देखा जा रहा है। सचिन पायलट अपने दौरे की शुरुआत मानसा से करेंगे।
यहां वह नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या के विरोध में चल रहे धरने में शामिल होंगे। इसके बाद वह अलग-अलग स्थानों पर जाकर गैंगस्टर हिंसा से प्रभावित परिवारों से भी मुलाकात करेंगे। इस दौरे के दौरान पार्टी के विभिन्न नेताओं के रुख और संगठन के भीतर उनके आपसी तालमेल पर नजर रहने की संभावना है। खास तौर पर पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग के समर्थक नेताओं की गतिविधियों पर ध्यान दिए जाने की चर्चा है।
गुटबाजी रोकने के लिए हाईकमान सख्त
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस हाईकमान ने पंजाब में गुटबाजी को बढ़ावा देने वाले नेताओं के खिलाफ सख्त कदम उठाने के निर्देश दिए हैं। पार्टी नेतृत्व चाहता है कि राहुल गांधी के दौरे से पहले संगठन के भीतर मतभेदों की स्थिति को समझा जाए और उन्हें दूर करने की कोशिश की जाए।
राजा वड़िंग के साथ रिश्तों को लेकर भी राजनीतिक चर्चा जारी है। प्रदेश अध्यक्ष पद से हटाए जाने के बाद उनकी नाराजगी की खबरें सामने आती रही हैं। बताया जाता है कि उन्होंने सार्वजनिक मंच से राहुल गांधी को ही अपना नेता बताया था। उनके समर्थक नेता भी उनके साथ खड़े दिखाई देते हैं।