Kaushambi Firecracker Factory Blast Case: उत्तर प्रदेश के कौशांबी में अवैध पटाखा फैक्ट्री में हुए भीषण विस्फोट के मामले में पुलिस का एक्शन लगातार जारी है। पुलिस ने फैक्ट्री मालिक के 18 साल के बेटे आदिल को एनकाउंटर में गिरफ्तार किया है। मुठभेड़ के दौरान उसके दोनों पैरों में गोली लगी, जिसके बाद उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। आदिल पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित था।
पुलिस पर फायरिंग के बाद जवाबी कार्रवाई
पुलिस ने बुधवार रात करीब दो बजे आदिल की घेराबंदी की थी। उसे रोकने की कोशिश की गई तो वह बाइक मोड़कर भागने लगा। इसी दौरान बाइक फिसल गई। इसके बाद आदिल ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी गोली चलाई, जिसमें उसके दोनों पैर घायल हो गए। उसका एक साथी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया।
कौशांबी: पटाखा फैक्ट्री ब्लास्ट मामले में बड़ी कार्रवाई। 25 हजार के इनामी आदिल से पुलिस की मुठभेड़। कमालपुर बरेठी नहर पुलिया के पास हुई मुठभेड़। पुलिस की जवाबी फायरिंग में दोनों पैरों में लगी गोली। घायल आदिल को जिला अस्पताल में कराया गया भर्ती। कब्जे से हथियार और कारतूस बरामद। pic.twitter.com/kocCpTbXhZ
— Ds Yadav (@dsyadavlive) September 3, 2026
पहले पिता नौशाद की हुई गिरफ्तारी
इससे पहले मंगलवार तड़के पुलिस ने आदिल के पिता और फैक्ट्री मालिक नौशाद (50) को एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार किया था। वह शहर छोड़कर भागने की फिराक में था। मंगलवार रात बुलडोजर चलाकर आदिल का घर भी ढहा दिया गया। इस मामले में अब तक चार लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
31 अगस्त को हुआ था भीषण धमाका
कौशांबी के पिपरी थाना क्षेत्र के मोहम्मदपुर मनौरी में 31 अगस्त को अवैध पटाखा फैक्ट्री में जोरदार विस्फोट हुआ था। धमाका इतना भीषण था कि मौके पर ही कई लोगों की जान चली गई। हादसे के बाद शुरुआत में 11 मौतों की पुष्टि हुई थी, जबकि कई घायलों को प्रयागराज के SRN अस्पताल में भर्ती कराया गया। बाद में मृतकों की संख्या बढ़कर 14 हो गई, जिनमें 9 बच्चे भी शामिल हैं।
तीन मकान जमींदोज
फैक्ट्री प्रयागराज में मनौरी एयरफोर्स स्टेशन से करीब 2 किलोमीटर दूर चल रही थी। विस्फोट की तीव्रता इतनी अधिक थी कि आसपास के 3 मकान पूरी तरह जमींदोज हो गए, जबकि 5 मकान क्षतिग्रस्त हुए। हादसे के दिन ही प्रशासन ने रात साढ़े 7 बजे फैक्ट्री से करीब 400 मीटर दूर स्थित नौशाद के पटाखा गोदाम को बुलडोजर से ढहा दिया था।
9 पुलिसकर्मी सस्पेंड
मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में एक इंस्पेक्टर, 6 दरोगा समेत 9 पुलिसकर्मियों को सस्पेंड किया गया था। हालांकि, फैक्ट्री में विस्फोट आखिर किस वजह से हुआ, यह अभी तक साफ नहीं हो पाया है। एक महिला ने बताया था- बिजली का खंभा गिरने के बाद तेज धमाका हुआ।
दो आरोपी अब भी फरार
अवैध पटाखा फैक्ट्री मामले में पुलिस, प्रशासन और यूपी एटीएस की कार्रवाई जारी है। दो अन्य फरार आरोपियों पर भी 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है। सीओ चायल शिवांक सिंह के मुताबिक, अन्य आरोपियों की तलाश के लिए पुलिस की चार टीमें लगाई गई हैं। साथ ही पटाखा फैक्ट्री के पूरे नेटवर्क की जांच की जा रही है।
पूछताछ में आदिल ने कबूली बात
एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, पुलिस पूछताछ में आदिल ने अपनी गलती स्वीकार की है। उसने बताया कि वह अपने साथियों के साथ मिलकर पैसे कमाने के लिए अवैध पटाखे और विस्फोटक सामग्री बनाता था। इसके लिए महमूदपुर मनौरी पावर हाउस के पास बने एक गोदाम का इस्तेमाल किया जाता था।
गोदाम में रखा था बारूद और पटाखा
आदिल के मुताबिक, 31 अगस्त को सुबह करीब 11 बजे इसी गोदाम में रखे पटाखों और बारूद में अचानक विस्फोट हुआ था। पुलिस अब आदिल से पूछताछ के जरिए इस अवैध फैक्ट्री और उससे जुड़े पूरे नेटवर्क की जानकारी जुटा रही है।
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