Russian Parliamentary Elections: रूस में तीन दिनों तक चले संसदीय चुनाव की वोटिंग खत्म हो चुकी है और शुरुआती आधिकारिक रुझानों में राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के समर्थन वाली यूनाइटेड रशिया पार्टी आगे चल रही है। केंद्रीय चुनाव आयोग के शुरुआती आंकड़ों में पार्टी को करीब 57% वोट मिल रहे थे। आयोग के मुताबिक मतदान प्रतिशत 56.66% रहा।
एग्जिट पोल में भी पार्टी आगे
इंटरफैक्स के हवाले से दिए गए एग्जिट पोल अनुमान में यूनाइटेड रशिया को 49.4 फीसदी वोट मिलने का अनुमान था। कम्युनिस्ट पार्टी के लिए 14.2 फीसदी और लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी के लिए 10.7 फीसदी वोट का अनुमान लगाया गया। हालांकि, ये एग्जिट पोल के आंकड़े हैं, अंतिम आधिकारिक नतीजे नहीं।
11.1 करोड़ मतदाताओं ने डाले वोट
मतदान शुक्रवार से शुरू होकर रविवार को समाप्त हुआ। करीब 11.1 करोड़ पात्र मतदाताओं के लिए मतदान कराया गया और वोटिंग बढ़ाने के लिए ऑनलाइन मतदान की सुविधा को भी बढ़ावा दिया गया। मतदाताओं ने दो बैलेट पर वोट डाला। 450 सदस्यीय स्टेट ड्यूमा की आधी सीटों के लिए पार्टियों को वोट दिया गया, जबकि बाकी 225 सीटों पर सिंगल-सीट निर्वाचन क्षेत्रों में उम्मीदवारों के बीच मुकाबला हुआ।
पुतिन समर्थक दल का दबदबा
शुरुआती नतीजों में यूनाइटेड रशिया 225 सिंगल-सीट निर्वाचन क्षेत्रों में भी बड़ी संख्या में आगे थी। वहीं कम्युनिस्ट पार्टी और कुछ अन्य दलों के भी संसद में पहुंचने की स्थिति में होने की जानकारी सामने आई है। कई पार्टियां प्रमुख मुद्दों पर क्रेमलिन और राष्ट्रपति पुतिन की नीतियों के साथ मतदान करती रही हैं।
मतदान में गड़बड़ी के आरोप
चुनाव के दौरान कई तरह की गड़बड़ियों के आरोप भी सामने आए। याब्लोको और कम्युनिस्ट पार्टी ने दावा किया कि उनके कुछ पर्यवेक्षकों को मतदान केंद्रों में प्रवेश नहीं दिया गया। सीलबंद बैलेट बॉक्स खोले जाने, मतदान केंद्रों को रात में सुरक्षित नहीं रखने और पेपर बैलेट जारी नहीं करने जैसी शिकायतें भी की गईं। इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।
पर्यवेक्षक को हिरासत में लेने का दावा
सेंट पीटर्सबर्ग में याब्लोको के एक पर्यवेक्षक को पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने की जानकारी सामने आई। रिपोर्टों के मुताबिक वह बाद में बेहोश हो गया। वहीं रूस के कब्जे वाले डोनेत्स्क क्षेत्र के एक मतदान केंद्र पर हथियारबंद रूसी सैनिक की मौजूदगी में मतदान कराए जाने की बात भी सामने आई।
इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग पर साइबर हमले का दावा
रूस की केंद्रीय चुनाव आयोग प्रमुख एला पामफिलोवा ने कहा कि मॉस्को की इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग प्रणाली पर बड़े पैमाने पर साइबर हमले किए गए। उनके मुताबिक हमले लगातार जारी रहे, लेकिन इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग सिस्टम काम करता रहा।
क्रीमिया और कब्जे वाले यूक्रेनी क्षेत्रों में भी मतदान
रूस ने क्रीमिया के अलावा यूक्रेन के उन चार क्षेत्रों में भी मतदान कराया, जिन पर रूस ने कब्जा कर उन्हें अपने क्षेत्र में मिलाने का दावा किया है। यूक्रेन और यूरोपीय संघ ने इन क्षेत्रों में चुनाव कराने को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताते हुए नतीजों को खारिज करने की अपील की है।
चुनाव के बीच यूक्रेनी ड्रोन हमले
रूस के संसदीय चुनाव के अंतिम दिन यूक्रेन की ओर से रूस पर बड़े पैमाने पर ड्रोन हमले भी किए गए। मॉस्को और आसपास के इलाकों को भी निशाना बनाए जाने की जानकारी सामने आई। रूसी अधिकारियों ने इन हमलों को चुनाव बाधित करने की कोशिश बताया, जबकि यूक्रेन की ओर से रूस के युद्ध अभियान के संदर्भ में अलग प्रतिक्रिया सामने आई।
अंतिम नतीजों का इंतजार
फिलहाल मतगणना जारी है। शुरुआती रुझानों में यूनाइटेड रशिया की बढ़त के साथ नई संसद में क्रेमलिन समर्थक दलों की स्थिति स्पष्ट होती जा रही है, लेकिन अंतिम तस्वीर केंद्रीय चुनाव आयोग के आधिकारिक नतीजों के बाद ही सामने आएगी।
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