8th Pay Commission: पेंशनर्स के लिए 8वें वेतन आयोग के सामने कई अहम मांगें रखी गई हैं। भारत पेंशनर्स समाज (BPS) ने महंगाई भत्ता यानी DA और महंगाई राहत यानी DR को साल में दो बार बढ़ाने के बजाय हर तीन महीने में संशोधित करने का सुझाव दिया है। संगठन ने 7 अगस्त को 8वें वेतन आयोग के अधिकारियों के साथ हुई बैठक में ये प्रस्ताव रखे हैं।
महंगाई के असर से राहत
BPS के मुताबिक, महंगाई लगातार पेंशनर्स की खरीद क्षमता को प्रभावित करती है। इसलिए तीन महीने के औसत महंगाई आंकड़ों के आधार पर DA और DR में बदलाव होना चाहिए, ताकि बढ़ती महंगाई का असर कम किया जा सके। संगठन ने पेंशनर्स को महंगाई का पूरा लाभ देने के लिए पॉइंट-टू-पॉइंट मुआवजे की मांग भी रखी है।
25% DR होने पर बेसिक पेंशन में जोड़ने का सुझाव
भारत पेंशनर्स समाज ने सुझाव दिया है कि जब DR 25% से ऊपर पहुंच जाए तो उसे बेसिक पेंशन में शामिल कर दिया जाए। संगठन का मानना है कि इससे आगे की पेंशन गणना में बदलाव होगा और पेंशनर्स को महंगाई के प्रभाव से निपटने में मदद मिलेगी। हालांकि, यह अभी संगठन का प्रस्ताव है और इसे लागू करने का फैसला 8वें वेतन आयोग की सिफारिशों और उसके बाद सरकार के निर्णय पर निर्भर करेगा।
₹45,000 न्यूनतम पेंशन का प्रस्ताव
BPS ने न्यूनतम पेंशन को बढ़ाकर ₹45,000 करने की मांग रखी है। इसके साथ ही न्यूनतम बेसिक पे ₹69,000 और 3.83 फिटमेंट फैक्टर तय करने का प्रस्ताव दिया गया है। फिटमेंट फैक्टर का इस्तेमाल मौजूदा वेतन या पेंशन को नए वेतन ढांचे में निर्धारित करने के लिए किया जाता है।
फैमिली पेंशन के लिए नया फॉर्मूला
संगठन ने पारिवारिक पेंशन के लिए 5.2 वेटेड यूनिट्स वाला फॉर्मूला अपनाने का सुझाव भी दिया है। BPS का कहना है कि वेतन और पेंशन से जुड़े बदलाव कर्मचारियों और पेंशनर्स के हितों को ध्यान में रखकर किए जाने चाहिए।
पुराने-नए पेंशनर्स में बराबरी की मांग
भारत पेंशनर्स समाज ने 1 जनवरी 2026 से पहले और उसके बाद रिटायर हुए समान स्तर के कर्मचारियों के बीच पेंशन में समानता की मांग की है। संगठन चाहता है कि समान पद और समान परिस्थितियों में रिटायर हुए पेंशनर्स की पेंशन तय करते समय किसी तरह का भेदभाव न हो।
67% अंतिम वेतन और 50% फैमिली पेंशन का सुझाव
BPS ने पेंशन को अंतिम वेतन के 67% और पारिवारिक पेंशन को 50% रखने का सुझाव दिया है। इसके अलावा संगठन ने वेतन और पेंशन में हर पांच साल में संशोधन किए जाने की मांग भी रखी है।
8वें वेतन आयोग की प्रक्रिया जारी
8वें वेतन आयोग का गठन 3 नवंबर 2025 को किया गया था। आयोग की अध्यक्ष जस्टिस रंजना प्रकाश देसाई हैं। केंद्र सरकार ने आयोग को अपनी रिपोर्ट सौंपने के लिए 18 महीने का समय दिया है। कुछ रिपोर्ट्स के मुताबिक रिपोर्ट मई-जून 2027 के आसपास आने की उम्मीद है। आयोग कर्मचारियों, पेंशनर्स और संगठनों से अलग-अलग शहरों में बातचीत कर रहा है। दिल्ली के बाद चेन्नई, पुडुचेरी, चंडीगढ़ और जयपुर में भी बैठकें प्रस्तावित हैं।
मांगों पर अभी अंतिम फैसला नहीं
फिलहाल भारत पेंशनर्स समाज की ओर से रखी गई इन मांगों को स्वीकार करने पर कोई अंतिम फैसला नहीं हुआ है। DA-DR में तिमाही बदलाव, ₹45,000 न्यूनतम पेंशन, ₹69,000 बेसिक पे और अन्य प्रस्तावों पर अंतिम स्थिति 8वें वेतन आयोग की सिफारिशों और उसके बाद सरकार के फैसले से स्पष्ट होगी।
Read More:

