दक्षिण अमेरिकी देश पेरू(Peru) में शनिवार रात आए लगातार दो भूकंपों ने कई इलाकों में भारी असर छोड़ा। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, इस प्राकृतिक आपदा में करीब 6 लोगों की मौत हो गई है जबकि 21 लोग घायल हुए हैं। कई मकान क्षतिग्रस्त हो गए और सैकड़ों लोगों का सामान्य जीवन प्रभावित हुआ। भूकंप के बाद स्थानीय प्रशासन और राहत एजेंसियां हालात पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।
पेरू के राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र के अनुसार, पहला भूकंप 5.1 तीव्रता का था जबकि दूसरा झटका 3.7 तीव्रता का दर्ज किया गया। दोनों भूकंप राजधानी लीमा से लगभग 300 किलोमीटर दूर जुनिन क्षेत्र के चुपाका प्रांत में महसूस किए गए। पहले भूकंप का केंद्र करीब 24 किलोमीटर और दूसरे का 18 किलोमीटर की गहराई में था। वहीं, यूरोपीय-मेडिटेरियन सिस्मोलॉजिकल सेंटर ने पहले भूकंप की तीव्रता 5.6 बताई है।
राहत और बचाव कार्य जारी
भूकंप के बाद प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव अभियान तेजी से चलाया जा रहा है। बचाव दल मलबे में फंसे लोगों की तलाश कर रहे हैं। अधिकारियों का मानना है कि कुछ लोग अभी भी ढही हुई इमारतों के नीचे फंसे हो सकते हैं। शुरुआती आकलन के मुताबिक, 48 मकान पूरी तरह नष्ट हो गए हैं जबकि 18 अन्य घरों को नुकसान पहुंचा है। इस आपदा से लगभग 300 लोग प्रभावित हुए हैं जिनके लिए अस्थायी राहत शिविर तैयार किए जा रहे हैं।
मिट्टी के मकानों को पहुंचा नुकसान
राष्ट्रपति-निर्वाचित केइको फुजीमोरी ने हादसे में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है और प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता का भरोसा दिलाया है। अधिकारियों के मुताबिक, चुपाका क्षेत्र में बड़ी संख्या में मकान मिट्टी और एडोब ब्लॉकों से बने हैं इसलिए भूकंप के झटकों से उन्हें अधिक नुकसान पहुंचा। पेरू पैसिफिक रिंग ऑफ फायर क्षेत्र में स्थित है जहां दुनिया के ज्यादातर भूकंप दर्ज किए जाते हैं। इसी कारण इस देश में समय-समय पर भूकंपीय गतिविधियां होती रहती हैं।