Punjab Cabinet Meeting: पंजाब सरकार की अहम कैबिनेट बैठक मंगलवार को दोपहर करीब 12 बजे चंडीगढ़ स्थित मुख्यमंत्री आवास पर आयोजित होगी। बैठक की अध्यक्षता मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान करेंगे। हालांकि सरकार ने अभी तक बैठक का आधिकारिक एजेंडा जारी नहीं किया है, लेकिन नई भर्तियों, कर्मचारियों और आम जनता को राहत देने वाली योजनाओं पर अहम फैसले लिए जाने की संभावना जताई जा रही है।
जनहित और चुनावी तैयारियों पर रहेगा फोकस
सूत्रों के मुताबिक, सरकार का फोकस किसानों, सर्विस क्लास और उद्योगों को लाभ पहुंचाने वाली नीतियों पर रहेगा। आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए जनहित से जुड़े कई प्रस्तावों पर भी चर्चा हो सकती है। इसके अलावा आगामी मानसून सत्र की रणनीति और अन्य अहम प्रशासनिक मुद्दों पर भी कैबिनेट मंथन करेगी।
मानसून सत्र के प्रस्ताव को मिल सकती है मंजूरी
पंजाब विधानसभा का मानसून सत्र 3 अगस्त से शुरू होकर 10 अगस्त तक चलने की संभावना है। माना जा रहा है कि आज की कैबिनेट बैठक में इस प्रस्ताव को औपचारिक मंजूरी मिल सकती है। आम आदमी पार्टी सरकार के कार्यकाल का यह आखिरी मानसून सत्र होगा। सूत्रों के अनुसार, मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने सत्र के दौरान उठाए जाने वाले मुद्दों को लेकर पहले ही चर्चा शुरू कर दी है।
अहम विधेयकों और संशोधनों पर भी होगी चर्चा
विधानसभा सत्र में जगत ज्योत श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी सत्कार (संशोधन) एक्ट-2026 में संशोधन लाने का एजेंडा लगभग तय माना जा रहा है। इसके अलावा अन्य विधायी प्रस्तावों और मुद्दों पर अंतिम फैसला कैबिनेट बैठक के बाद साफ होगा। सरकार को प्राइवेट स्कूल फीस से जुड़े ऑर्डिनेंस समेत कई प्रस्तावों को विधानसभा से मंजूरी दिलानी है, जिन्हें कानून का रूप देना जरूरी माना जा रहा है।
पिछले फैसलों के बाद आज की बैठक पर नजर
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान इन दिनों विधानसभा क्षेत्रों का दौरा कर जनता से फीडबैक ले रहे हैं, जिस पर सरकार का थिंक टैंक लगातार काम कर रहा है। पिछली कैबिनेट बैठक में होशियारपुर जिले के कुछ क्षेत्रों में अतिरिक्त उपायुक्त (ADC) की नियुक्ति समेत कई अहम फैसले लिए गए थे। ऐसे में आज की बैठक से भी प्रशासनिक और जनहित से जुड़े कई बड़े निर्णयों की उम्मीद की जा रही है।
अगस्त में सत्र होने की ये हैं प्रमुख वजहें
पंजाब और हरियाणा विधानसभा एक ही भवन से संचालित होती हैं, इसलिए सुरक्षा, वीआईपी मूवमेंट और प्रशासनिक व्यवस्थाओं को देखते हुए दोनों राज्यों के विधानसभा सत्र अलग-अलग समय पर आयोजित किए जाते हैं। इसके अलावा श्री अकाल तख्त साहिब ने 29 जून को जारी आदेश में श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार एक्ट में एक महीने के भीतर संशोधन करने के निर्देश दिए थे। वहीं, विधानसभा चुनाव नजदीक होने के कारण सरकार लंबित विधायी कार्यों को जल्द पूरा करने की तैयारी में है, इसलिए अगस्त के पहले सप्ताह में प्रस्तावित मानसून सत्र को काफी अहम माना जा रहा है।
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