Farmer Protest at Mohali-Chandigarh Border: चंडीगढ़-मोहाली बॉर्डर पर पिछले सात दिनों से चल रहा संयुक्त किसान मोर्चा का धरना आखिरकार समाप्त हो गया है। पंजाब सरकार की ओर से किसानों की मांगों पर सकारात्मक आश्वासन मिलने के बाद किसान संगठनों ने अपना मोर्चा हटाने का फैसला किया। इसके बाद प्रदर्शन में शामिल किसान अब अपने घरों की ओर लौटने लगे हैं।
सरकार ने दिया लिखित आश्वासन
पंजाब सरकार की ओर से किसानों को लिखित आश्वासन दिया गया है। कृषि मंत्री गुरमीत सिंह खुड्डियां सोमवार को करीब तीन बजे धरना स्थल पर पहुंचे और किसानों को सरकार का लिखित आश्वासन सौंपा। इसके बाद किसान नेताओं ने आंदोलन समाप्त करने का ऐलान किया। मंत्री ने किसानों को भरोसा दिलाया कि उनकी मांगों पर सकारात्मक तरीके से विचार करते हुए जरूरी कदम उठाए जाएंगे।
एक महीने में बुलाया जाएगा विशेष सत्र
सरकार ने किसानों को आश्वासन दिया है कि एक महीने के भीतर पंजाब विधानसभा का विशेष सत्र बुलाया जाएगा। इसके साथ ही किसानों के कर्ज से जुड़ी समस्याओं के समाधान के लिए वन टाइम सेटलमेंट स्कीम लाने का भी भरोसा दिया गया है। किसान संगठनों ने सरकार के इन आश्वासनों के बाद धरना खत्म करने पर सहमति जताई।
एक से सात सितंबर तक चला आंदोलन
संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर किसान एक सितंबर से चंडीगढ़-मोहाली सीमा पर धरने पर बैठे थे। सात दिनों तक यह प्रदर्शन दिन-रात जारी रहा। किसानों ने इस दौरान सरकार के सामने अपनी विभिन्न मांगें प्रमुखता से रखीं। किसान नेताओं ने पहले स्पष्ट किया था कि जब तक उनकी समस्याओं को लेकर सरकार की ओर से ठोस आश्वासन नहीं मिलता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
किसानों के प्रदर्शन के कारण एक से सात सितंबर तक चंडीगढ़-मोहाली सीमा पर आवाजाही प्रभावित रही। प्रदर्शन स्थल पर पुलिस और प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। अब धरना समाप्त होने के बाद सीमा पर यातायात और अन्य व्यवस्थाएं सामान्य होने की उम्मीद है।
किसान नेताओं ने सरकार से मांगा समयबद्ध समाधान
धरने में संयुक्त किसान मोर्चा से जुड़े विभिन्न किसान संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ बड़ी संख्या में किसान शामिल हुए। किसान सुखविंदर सिंह, जगजीत सिंह और गुरमीत सिंह ने कहा कि सरकार को किसानों की मांगों पर गंभीरता से निर्णय लेना चाहिए। उन्होंने किसानों से जुड़े मुद्दों का समयबद्ध तरीके से समाधान किए जाने की बात कही।
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