उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले में कांवड़ यात्रा(Kanwar Yatra) 2026 को सुरक्षित और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए पुलिस प्रशासन ने बड़े स्तर पर सुरक्षा योजना तैयार की है। एसएसपी संजय कुमार वर्मा ने पुलिस लाइन में आयोजित बैठक में सभी पुलिसकर्मियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मुजफ्फरनगर एक संवेदनशील जिला है, इसलिए हर जवान को पूरी जिम्मेदारी और सावधानी के साथ अपनी ड्यूटी निभानी होगी, ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना को रोका जा सके।
कांवड़ मेले के दौरान जिले में करीब 4 हजार पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए PAC, RRF, ATS, BDS, ASH और डॉग स्क्वॉड की टीमें भी लगाई गई हैं। इसके अलावा ड्रोन कैमरों और हजारों सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से पूरे क्षेत्र की निगरानी की जाएगी। सुरक्षा प्रबंधन को बेहतर बनाने के लिए पूरे जिले को अलग-अलग हिस्सों में बांटा गया है। इसमें 9 सुपर जोन, 16 जोन और 230 सब-सेक्टर बनाए गए हैं। साथ ही वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को भी जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, जिनमें 6 एएसपी, 16 डीएसपी और 30 इंस्पेक्टर शामिल हैं।
ड्यूटी छोड़ने वालों पर होगी कार्रवाई
इस बार कांवड़ यात्रा में डायनेमिक ड्यूटी मैनेजमेंट सिस्टम लागू किया गया है। इस तकनीक के जरिए ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों की लोकेशन पर नजर रखी जाएगी। यदि कोई पुलिसकर्मी बिना सूचना दिए अपनी तैनाती वाली जगह छोड़ता है तो उसकी जानकारी सिस्टम के माध्यम से मिल जाएगी और उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
एसएसपी संजय कुमार वर्मा ने कहा कि संवेदनशीलता को देखते हुए सभी पुलिसकर्मियों को हर गतिविधि पर नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने जवानों से अपील की कि वे पूरी सतर्कता के साथ काम करें ताकि कोई भी असामाजिक तत्व माहौल खराब करने की कोशिश न कर सके।
ट्रैफिक व्यवस्था में भी किए गए बदलाव
कांवड़ यात्रा के दौरान यातायात व्यवस्था को सुचारू रखने के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान तैयार किया गया है। हल्के और भारी वाहनों के लिए अलग-अलग मार्ग निर्धारित किए गए हैं। यात्रा के दौरान कांवड़ मार्गों पर भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक रहेगी ताकि श्रद्धालुओं को किसी परेशानी का सामना न करना पड़े।