Battle of Hormuz: स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में एक बार फिर तनाव गहरा गया है। अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता के बाद जंग खत्म होने की उम्मीद जगी थी, लेकिन दोनों पक्षों के रुख के चलते पश्चिम एशिया में हालात फिर बिगड़ते नजर आ रहे हैं। पहले अमेरिकी नौसेना ने ईरान के तीन विशाल टैंकरों को निशाना बनाने का दावा किया था। अब ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने होर्मुज में कुल 6 जहाजों को इंटरसेप्ट करने और इनमें 3 अमेरिकी जहाजों को निशाना बनाने का दावा किया है।
BREAKING: Iran has DIRECTLY STRUCK SIX SHIPS with ANTI-SHIP MISSILES in the Strait of Hormuz and surrounding waters — its LARGEST-EVER ATTACK in the strategic waterway, according to the IRGC.
The attack came in response to this morning’s U.S. strike on THREE Iranian oil tankers…
— The Hormuz Report (@HormuzReport) September 5, 2026
ईरान ने जारी किया कार्रवाई का वीडियो
IRGC की ओर से एक वीडियो जारी कर अमेरिकी जहाजों को टार्गेट करने का दावा किया गया है। ईरानी बलों ने अमेरिकी नौसेना की कार्रवाई के बाद वॉशिंगटन समेत तमाम देशों को अंजाम भुगतने की चेतावनी दी है। ताजा तनाव के बाद होर्मुज रूट से LPG और तेल की आवाजाही सामान्य होने की बची-खुची उम्मीदों को भी झटका लगा है।
तेल सप्लाई की पर बढ़ा खतरा
होर्मुज वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए बेहद अहम समुद्री मार्ग है। यहां अमेरिका और ईरान के बीच वार-पलटवार से स्थिति गंभीर हो गई है। दोनों देश इस रूट पर अपना कब्जा जमाने की कोशिश कर रहे हैं। इसका असर एशिया से यूरोप तक गैस और तेल की सप्लाई पर पड़ने की आशंका है।
जहाजों को अमेरिका के दबाव से बचने की चेतावनी
ईरान ने होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों को भी चेतावनी दी है। ईरान ने जहाजों से कहा है कि वे अमेरिका के किसी भी दबाव या निर्देश के झांसे में न आएं। ईरान का कहना है कि अगर कोई जहाज अमेरिका के साथ सहयोग करता है तो उसे होर्मुज में गंभीर परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं।
IRGC ने दिखाई समुद्री ताकत
फारस की खाड़ी और होर्मुज में बढ़ते तनाव के बीच IRGC ने अपनी समुद्री निगरानी और इंटरसेप्शन क्षमता का प्रदर्शन किया है। संगठन ने पेट्रोलिंग और ऐसे जहाजों को रोकने का फुटेज जारी किया है, जिन पर समुद्री नियमों के उल्लंघन या संदिग्ध गतिविधियों के आरोप हैं। ईरान ने साफ किया है कि होर्मुज में किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर सीधे कार्रवाई की जाएगी।
अमेरिकी सुरक्षा को बताया छलावा
IRGC ने अमेरिकी सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठाया है। ईरानी बलों ने अमेरिकी सुरक्षा को महज एक छलावा बताया है। इसी बीच क्षेत्र में ईरानी बलों की निगरानी और गश्त बढ़ाए जाने की बात सामने आई है। इससे होर्मुज में समुद्री आवाजाही को लेकर चिंता और बढ़ गई है।
ईरान ने अमेरिकी हमलों को बताया युद्ध अपराध
होर्मुज में ईरान की कार्रवाई ऐसे समय हुई है, जब तेहरान ने ईरानी जहाजों पर अमेरिकी हमलों को लेकर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। तेहरान ने इन हमलों को War Crime करार दिया है। ईरान का आरोप है कि व्यापारिक जहाजों को निशाना बनाना संयुक्त राष्ट्र चार्टर का खुला उल्लंघन है।
दुनिया के ऊर्जा बाजार पर पड़ सकता है असर
तेहरान ने अमेरिका को गंभीर नतीजे भुगतने की चेतावनी भी दी है। होर्मुज से वैश्विक तेल आपूर्ति का बड़ा हिस्सा गुजरता है। ऐसे में यहां सैन्य टकराव बढ़ने पर अंतरराष्ट्रीय शिपिंग और ऊर्जा बाजार पर गहरा असर पड़ सकता है। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ती तनातनी के बीच क्षेत्र में हालात बेहद संवेदनशील बने हुए हैं।
Read More:
मध्य प्रदेश: सागर में जहरीली शराब का कहर! बंडा में 11 मौतों से मचा हड़कंप, 25 लोग अस्पताल में भर्ती

