यूक्रेन के प्रमुख ओडेसा बंदरगाह पर एक मालवाहक जहाज पर हुए हमले के बाद उस पर सवार भारतीय नागरिकों को लेकर चिंता बढ़ गई है। एमवी एजीएन रैगनार (MV AGN Ragnar) नामक जहाज पर चार भारतीय नागरिक मौजूद थे। भारत के कीव स्थित दूतावास के अनुसार, इनमें से दो भारतीय सुरक्षित हैं, जबकि दो अन्य का अब तक कोई पता नहीं चल पाया है।
बचाव अभियान जारी
यह घटना 25 जुलाई (शनिवार) को उस समय हुई, जब जहाज ओडेसा बंदरगाह पर मौजूद था। भारतीय दूतावास ने बताया कि वह पूरे घटनाक्रम पर लगातार नजर बनाए हुए है और स्थानीय प्रशासन के साथ संपर्क में है। दूतावास के अनुसार, राहत और बचाव अभियान जारी है तथा लापता भारतीय नागरिकों के बारे में जानकारी जुटाने की कोशिश की जा रही है। फिलहाल उनकी स्थिति को लेकर कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
हमले की परिस्थितियां स्पष्ट नहीं
अभी तक यह साफ नहीं हो पाया है कि जहाज पर हमला किसने किया। इसके अलावा जहाज पर कुल कितने चालक दल के सदस्य सवार थे और भारतीय नागरिक किस भूमिका में काम कर रहे थे, इसकी भी आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। जांच एजेंसियां घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जानकारी जुटाने में लगी हैं।
Point of Contact, Embassy of India, Ukraine
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Our Emergency contact no. – +380933559958 Mr. Aji Kumar, SS ( Consular) @MEAIndia pic.twitter.com/2XolkORrcu— India in Ukraine (@IndiainUkraine) July 26, 2026
पहले भी निशाने पर रहा है ओडेसा बंदरगाह
ओडेसा, यूक्रेन का काला सागर तट पर स्थित सबसे महत्वपूर्ण बंदरगाहों में से एक है। रूस-यूक्रेन युद्ध शुरू होने के बाद से यह इलाका कई बार हमलों का सामना कर चुका है, जिससे समुद्री व्यापार और जहाजों की आवाजाही प्रभावित होती रही है। इसी सुरक्षा स्थिति को देखते हुए भारत सरकार पहले भी अपने नागरिकों को यूक्रेन की यात्रा से बचने की सलाह दे चुकी है।
लापता भारतीयों को लेकर बढ़ी चिंता
फिलहाल सबसे बड़ी चिंता उन दो भारतीय नागरिकों को लेकर है, जिनका अब तक कोई पता नहीं चल पाया है। भारतीय दूतावास ने कहा है कि जैसे ही नई जानकारी मिलेगी, उसे साझा किया जाएगा। राहत एवं बचाव अभियान जारी है और अधिकारियों को उम्मीद है कि जल्द ही लापता भारतीयों के बारे में स्पष्ट जानकारी सामने आएगी।
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