अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि फिलहाल उन्हें नहीं लगता कि चीन या रूस ईरान से जुड़े संघर्ष में शामिल हैं। हालांकि उन्होंने चेतावनी दी कि यदि दोनों देशों ने इस युद्ध में किसी तरह का हस्तक्षेप किया तो उसके गंभीर परिणाम होंगे और यह उनके हित में नहीं होगा।
शी जिनपिंग और पुतिन से बातचीत का किया जिक्र
सोशल मीडिया पर जारी अपने बयान में ट्रंप ने कहा कि हाल ही में बीजिंग में हुई मुलाकात के दौरान चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने उन्हें भरोसा दिलाया था कि चीन किसी भी स्थिति में ईरान को हथियार उपलब्ध नहीं कराएगा। ट्रंप के मुताबिक, यह बात चीनी कंपनियों पर भी लागू होती है। उन्होंने कहा कि उन्हें शी जिनपिंग की इस बात पर भरोसा है। ट्रंप ने यह भी दावा किया कि रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने भी उनसे कहा है कि रूस ईरान को हथियार नहीं बेचेगा।

यूक्रेन युद्ध पर भी दिया बयान
ट्रंप ने कहा कि यूक्रेन में जारी युद्ध के बावजूद उनकी पुतिन से बातचीत होती रहती है। उन्होंने कहा कि अमेरिका सीधे यूक्रेन को हथियार नहीं बेचता, बल्कि हथियार नाटो देशों को उपलब्ध कराए जाते हैं। उनके अनुसार, नाटो सदस्य इन हथियारों की पूरी कीमत चुकाते हैं और बाद में उनका इस्तेमाल या आगे भेजने का फैसला वही करते हैं।
बेंजामिन नेतन्याहू जाएंगे अमेरिका
ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव के बीच कई अहम घटनाएं सामने आई हैं। इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू सोमवार को अमेरिका जाएंगे, जहां उनकी राष्ट्रपति ट्रंप से मुलाकात होगी। ईरान से संघर्ष शुरू होने के बाद दोनों नेताओं की यह पहली बैठक होगी। इस बीच, तनाव बढ़ने का असर वैश्विक बाजार पर भी दिखा है और ब्रेंट क्रूड की कीमत 100 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गई है।
Read More
मुंबई एयरपोर्ट पर DRI ने दो ऑपरेशनों में 23.63 करोड़ रुपये का सोना जब्त किया, 8 लोग गिरफ्तार

