CM Yogi Action Plan for Kanwar Yatra: UP CM योगी आदित्यनाथ ने 30 जुलाई से शुरु होने वाली कांवड़ यात्रा, श्रावणी शिवरात्रि, चेहल्लुम, स्वतंत्रता दिवस, बरावफात और रक्षाबंधन को लेकर शासन स्तर पर उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की है। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से प्रदेश के सभी मंडलायुक्तों, जिलाधिकारियों, पुलिस आयुक्तों और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुविधा और सम्मान सरकार के लिए सबसे पहले है। उन्होंने कानून-व्यवस्था, स्वास्थ्य, स्वच्छता, यातायात, खाद्य सुरक्षा और जनसुविधाओं को लेकर बड़े दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
पूरे प्रदेश में लागू होगा मेरठ मॉडल
बैठक में अपर मुख्य सचिव गृह ने तैयारियों की जानकारी दी, जबकि मेरठ मंडलायुक्त और ADG जोन मेरठ ने कांवड़ यात्रा प्रबंधन की पूरी जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि मेरठ जोन की काम करने की योजना प्रदेश के सभी पुलिस जोनों संग शेयर की जाए, ताकि पूरी UP में कांवड़ यात्रा की व्यवस्थाएं एक समान बनाई जा सकें। उन्होंने कहा कि अब कांवड़ यात्रा केवल पश्चिमी उत्तर प्रदेश तक सीमित नहीं रही, बल्कि रुहेलखंड, ब्रज, बुंदेलखंड, अवध और पूर्वांचल में भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु इसमें शामिल होते हैं।
कांवड़ संघों से लगातार रहेगा संवाद
मुख्यमंत्री ने स्थानीय प्रशासन को कांवड़ संघों के साथ नियमित संवाद बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शिविर संचालकों का समय रहते सत्यापन किया जाए और सभी तैयारियों की पहले से समीक्षा कर कमियों को दूर किया जाए। इसके साथ ही हरियाणा, राजस्थान, दिल्ली और उत्तराखंड के अधिकारियों के साथ बेहतर तालमेल बनाए रखने पर भी जोर दिया, ताकि यात्रा शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से पूरी हो सके।
फेक न्यूज फैलाने वालों पर होगी कार्रवाई
मुख्यमंत्री ने संवेदनशील जगहों पर पुलिस पेट्रोलिंग बढ़ाने, ड्रोन और CCTV कैमरों के जरिए लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहों और फेक न्यूज को तुरंत हटाने और माहौल बिगाड़ने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने को कहा है। साथ ही पुलिस को सोशल मीडिया पर चौबीसों घंटे निगरानी रखने के निर्देश भी दिए गए।
यात्रा मार्गों पर सुविधाओं पर जोर
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि खराब सड़कों की तुरंत मरम्मत कराई जाए और यात्रा मार्गों पर स्ट्रीट लाइट, पीने का पानी, शौचालय और साफ-सफाई की व्यवस्था की जाए। स्वास्थ्य विभाग को जगह-जगह चिकित्सा शिविर लगाने, एंटी वेनम और एंटी रैबीज इंजेक्शन समेत सभी जरुरी दवाओं को मौजूद रखने के निर्देश दिए गए हैं। प्रमुख घाटों पर महिलाओं के लिए चेंजिंग रूम बनाने और जरुरी जानकारी प्रसारित करने पर भी जोर दिया गया।
मांस-मदिरा की दुकानें रहेंगी बंद
मुख्यमंत्री ने साफ निर्देश दिए कि कांवड़ यात्रा मार्गों पर मांस और मदिरा की दुकानें बंद रखी जाएं। उन्होंने कहा कि खाद्य पदार्थों में मिलावट, गंदगी और ओवररेटिंग की शिकायत किसी भी स्थिति में नहीं मिलनी चाहिए। अधिकारियों को नियमित निरीक्षण करने, नियमों को तोड़ने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने, सभी दुकानों पर संचालक का नाम साफ दिखाई देने और डीजे की आवाज कम रखने के निर्देश दिए गए हैं।
बाढ़ और VIP मूवमेंट को लेकर भी निर्देश
प्रदेश की नदियों के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए मुख्यमंत्री ने बाढ़ संभावित क्षेत्रों में पहले से सभी तैयारियां पूरी करने, राहत एवं बचाव दलों को अलर्ट रखने और घाटों पर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था करने को कहा। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि वीआईपी कार्यक्रमों की पूर्व सूचना स्थानीय प्रशासन के पास रहे, ताकि श्रद्धालुओं की आवाजाही प्रभावित न हो।
भ्रष्टाचार और ओवर बिलिंग पर जीरो टॉलरेंस
बैठक में मुख्यमंत्री ने लंबित राजस्व मामलों के समयबद्ध निस्तारण, चकबंदी विवादों के निष्पक्ष समाधान और कोटेदारों के उत्पीड़न की शिकायतों पर भी अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यदि किसी अधिकारी के खिलाफ भ्रष्टाचार की शिकायत सही पाई जाती है तो निलंबन और विजिलेंस जांच कराई जाए। बिजली विभाग को भी ओवर बिलिंग की शिकायतों का तत्काल समाधान करने और लोगों से केवल वास्तविक बिजली खपत के आधार पर ही बिल लेने के निर्देश दिए।
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