जयपुर की प्रसिद्ध निम्स यूनिवर्सिटी(NIMS University Jaipur) में महज दो दिनों के भीतर दो छात्रों द्वारा आत्महत्या किए जाने की सनसनीखेज घटनाओं से हड़कंप मच गया है। इन लगातार हादसों ने यूनिवर्सिटी परिसर की सुरक्षा और व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले के लोटेसर गांव के रहने वाले मोहित सैनी, जो सीपीटी सेकंड ईयर के छात्र थे ने यूनिवर्सिटी के सनराइज हॉस्पिटल में फांसी लगाकर अपनी जान दे दी।
यह मामला बुधवार (26 अगस्त) की रात करीब 11 बजे तब सामने आया जब हॉस्टल के अन्य छात्रों को कमरे से अजीब बदबू महसूस हुई। इसके बाद तुरंत चंदवाजी थाने को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही थानाधिकारी राजबीर सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और घटनास्थल को सील कर दिया। पुलिस के मुताबिक, शव से आ रही दुर्गंध को देखकर यह अनुमान लगाया जा रहा है कि छात्र की मौत एक से दो दिन पहले ही हो चुकी थी। फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए निम्स अस्पताल भेज दिया है और मामले की गहराई से जांच की जा रही है, हालांकि मौके से कोई सुसाइड नोट या ठोस सबूत नहीं मिला है।
दो दिन पहले बीटेक छात्र ने भी दी थी जान
इस दर्दनाक घटना से ठीक पहले, मंगलवार (25 अगस्त) को इसी यूनिवर्सिटी के बीटेक फर्स्ट ईयर के छात्र आदित्य तिवारी ने हॉस्टल की 15वीं मंजिल से छलांग लगाकर आत्महत्या कर ली थी। लखनऊ के रहने वाले आदित्य के दोनों रूम पार्टनर घटना के समय कमरे में मौजूद नहीं थे और वह पिछले दो दिनों से कॉलेज की कक्षाओं में भी नहीं आ रहा था।
इन दो दिनों में हुई इन दो मौतों के बाद पुलिस अब यूनिवर्सिटी प्रशासन की कार्यप्रणाली और सुरक्षा व्यवस्था पर तीखे सवाल उठा रही है कि आखिर इतने कम समय में ऐसी घटनाएं कैसे हो गईं।