दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे प्रदर्शन(Jantar Mantar Protest) को लेकर पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बड़ा अभियान चलाया है। पुलिस के मुताबिक, कुछ लोगों के प्रदर्शन की आड़ में माहौल खराब करने की आशंका थी जिसके बाद दक्षिण और दक्षिण-पूर्व जिला पुलिस ने कई इलाकों में जांच अभियान चलाया। इस दौरान 150 से अधिक लोगों को पूछताछ के लिए रोका गया। पुलिस के मुताबिक, कुछ लोग छात्रों की तरह बैग लेकर प्रदर्शन स्थल की ओर जा रहे थे।
सूचना के आधार पर बदरपुर, सनलाइट कॉलोनी, निजामुद्दीन, लोधी कॉलोनी और लाजपत नगर सहित कई क्षेत्रों में बैरिकेड लगाकर वाहनों और लोगों की जांच की गई। बदरपुर थाना पुलिस ने बल्लभगढ़ निवासी दो युवकों को पकड़ा। पुलिस का दावा है कि तलाशी के दौरान उनके बैग से पिस्टल और चाकू बरामद हुए। इसके बाद दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया। वहीं कुछ अन्य लोगों के पास से स्प्रे और पत्थर जैसी चीजें मिलने की बात भी पुलिस ने कही है।
मोबाइल चैट की भी हो रही जांच
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, कुछ संदिग्धों के मोबाइल फोन की जांच में व्हाट्सऐप चैट मिली हैं, जिनकी जांच की जा रही है। पुलिस ने कुछ मोबाइल फोन फोरेंसिक जांच के लिए भेजे हैं, ताकि बातचीत और गतिविधियों की जानकारी जुटाई जा सके।
अधिकारियों के मुताबिक, कई लोगों ने पूछताछ में बताया कि वे जंतर-मंतर पर होने वाले प्रदर्शन में शामिल होने जा रहे थे। पकड़े गए लोगों में दिल्ली के कुछ इलाकों के अलावा जामिया नगर, शाहीनबाग, फरीदाबाद और नोएडा के लोग भी शामिल बताए गए हैं।
कई लोगों को बातचीत कर लौटाया घर
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, जांच के दौरान पकड़े गए करीब 150 लोगों में से कई को पूछताछ और समझाने के बाद वापस भेज दिया गया है जबकि कुछ लोगों से अभी भी पूछताछ जारी है। पुलिस का कहना है कि कुछ संदिग्धों के बैग से आपत्तिजनक सामान बरामद हुआ है। दक्षिण-पूर्व जिला पुलिस ने सुरक्षा के मद्देनजर कई इलाकों में जांच अभियान चलाया।
बदरपुर थाना पुलिस ने दो लोगों को पकड़ा, जिनके बैग की तलाशी में पिस्टल और चाकू मिलने का दावा किया गया है। दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया है। वहीं कुछ अन्य लोगों के पास से स्प्रे जैसी चीजें भी मिलने की बात सामने आई है। पुलिस के मुताबिक, 15 अगस्त को देखते हुए राजधानी में अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस हेल्पलाइन 112 पर दें।