Bengal Howrah Station Encroachment: पश्चिम बंगाल में प्रशासन की ओर से अवैध कब्जों के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है। देर रात हावड़ा स्टेशन के बाहर बड़े पैमाने पर बुलडोजर एक्शन चलाया गया। प्रशासन ने स्टेशन के आसपास सार्वजनिक रास्तों और फुटपाथों पर सालों से किए गए अतिक्रमण को हटाने के लिए अभियान चलाया।
हावड़ा स्टेशन के बाहर JCB से हटाए गए अवैध निर्माण
हावड़ा स्टेशन के बाहर मौजूद गंगा घाट और बस स्टैंड के आसपास अवैध रूप से चल रही दुकानों और निर्माणों पर बुलडोजर चलाया गया। प्रशासन ने पक्के और कच्चे दोनों तरह के अवैध ढांचों को तोड़कर इलाके को खाली कराया। बताया जा रहा है कि यह सार्वजनिक जमीनों पर कब्जा हटाने की अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाइयों में से एक है।
रेलवे परिसर होने के कारण तैयारी
जिस इलाके में कार्रवाई की गई, वह रेलवे परिसर के अधीन आता है। इसी वजह से पूरे अभियान को काफी सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया गया। कार्रवाई के दौरान आईओडब्ल्यू विभाग, रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स (RPF) और हावड़ा सिटी पुलिस के अधिकारी मौके पर मौजूद रहे। भारी संख्या में पुलिस बल भी तैनात किया गया था ताकि किसी तरह की बाधा उत्पन्न न हो।
सुरक्षा के रहे कड़े इंतजाम
अभियान के दौरान पूरे इलाके को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया था। रेलवे सुरक्षा बल की निगरानी में प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए था। अधिकारियों ने किसी भी विरोध या अप्रिय घटना से निपटने के लिए पहले से व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए थे। हालांकि अचानक हुई कार्रवाई से दुकानदारों में अफरा-तफरी का माहौल जरूर देखने को मिला।
यात्रियों की परेशानी बनी कार्रवाई की बड़ी वजह
प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि हावड़ा स्टेशन देश के सबसे व्यस्त रेलवे स्टेशनों में शामिल है और यहां रोजाना बड़ी संख्या में यात्रियों की आवाजाही होती है। फुटपाथों और सार्वजनिक रास्तों पर अवैध कब्जों के कारण लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। इसी वजह से रास्तों को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए यह अभियान चलाया गया।
दोबारा कब्जा करने वालों को चेतावनी
अधिकारियों ने साफ कहा है कि रेलवे और सार्वजनिक जमीनों पर दोबारा कब्जा करने की कोशिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में भी इसी तरह का अभियान लगातार जारी रहेगा और अवैध कब्जों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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