समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान(Azam Khan) से जुड़ी जौहर यूनिवर्सिटी एक बार फिर चर्चा में है। यूनिवर्सिटी का संचालन करने वाले मौलाना मोहम्मद अली जौहर ट्रस्ट को आयकर विभाग की ओर से नोटिस जारी किया गया है। विभाग ने ट्रस्ट से जुड़े मामलों पर जवाब और आवश्यक दस्तावेज पेश करने को कहा है। इस कार्रवाई को भाजपा विधायक आकाश सक्सेना की पुरानी शिकायत से जोड़कर देखा जा रहा है।
जानकारी के मुताबिक, भाजपा विधायक आकाश सक्सेना ने मार्च 2021 में केंद्रीय गृह मंत्रालय के माध्यम से केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) को जौहर ट्रस्ट को लेकर शिकायत भेजी थी। शिकायत में ट्रस्ट की आर्थिक गतिविधियों और यूनिवर्सिटी के लिए जुटाई गई संपत्ति व धनराशि की जांच की मांग की गई थी।
शिकायत में लगाए गए ये आरोप
शिकायत में आरोप लगाया गया था कि जौहर यूनिवर्सिटी के निर्माण में बड़ी मात्रा में धन लगाया गया और कुछ दानदाताओं की आर्थिक स्थिति को लेकर भी सवाल उठाए गए। इसके अलावा ट्रस्ट के संचालन में परिवार के सदस्यों की भूमिका को लेकर भी आपत्तियां जताई गई थीं। हालांकि, इन आरोपों पर अंतिम निष्कर्ष जांच प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।
पहले भी एजेंसियां कर चुकी जांच
इस मामले में पहले भी कई एजेंसियां जांच कर चुकी हैं। सितंबर 2023 में आयकर विभाग की टीमों ने रामपुर पहुंचकर मामले से जुड़े पहलुओं की जांच की थी। वहीं, जौहर यूनिवर्सिटी से जुड़े प्रकरण में प्रवर्तन निदेशालय (ED) भी आजम खान से पूछताछ कर चुका है। शिकायतों के आधार पर राज्य सरकार की ओर से जांच के लिए एसआईटी का गठन भी किया गया था।
23 जून उपस्थित होने को कहा गया
अब आयकर विभाग, लखनऊ की ओर से मौलाना मोहम्मद अली जौहर ट्रस्ट को भेजे गए नोटिस में 23 जून को सुबह 11:30 बजे उपस्थित होने को कहा गया है। ट्रस्ट की ओर से आजम खान या उनका अधिकृत प्रतिनिधि संबंधित दस्तावेजों और लिखित जवाब के साथ अपना पक्ष रख सकता है।
विभाग ने यह विकल्प भी दिया है कि ट्रस्ट निर्धारित समय सीमा के भीतर ई-फाइलिंग पोर्टल के माध्यम से अपना जवाब और जरूरी दस्तावेज जमा कर सकता है। आगे की कार्रवाई ट्रस्ट के जवाब और जांच के निष्कर्षों के आधार पर तय होगी।