भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी(PM Modi) शनिवार की सुबह सेशेल्स(Seychelles) की तीन दिवसीय यात्रा के लिए रवाना हो चुके हैं। सेशेल्स के राष्ट्रपति डॉ. पैट्रिक हर्मिनी के निमंत्रण पर आधारित ये दौरा काफी महत्वपूर्ण है जो 27 से 29 जून तक चलेगा। इस यात्रा को भारत और सेशेल्स के बीच रणनीतिक साझेदारी को नई मजबूती देने की दिशा में जरूरी माना जा रहा है।
सेशेल्स अपनी आजादी की स्वर्ण जयंती मना रहा है। इस मौके पर वहां पर आयोजित होने वाले राष्ट्रीय दिवस समारोह में प्रधानमंत्री मोदी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे।
इंदिरा गांधी के बाद सेशेल्स जाने वाले दूसरे प्रधानमंत्री
भारत और सेशेल्स के रिश्तों का इतिहास कई दशकों पुराना है। वर्ष 1976 में जब सेशेल्स स्वतंत्र हुआ था तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी वहां पहुंची थीं। उस मौके पर भारत ने अपनी नौसेना का युद्धपोत INS नीलगिरि भी समारोह में भेजा था। इसके बाद उन्होंने 1981 में एक बार फिर सेशेल्स का दौरा किया था।
इसके बाद लंबे समय तक किसी भारतीय प्रधानमंत्री की सेशेल्स देश की यात्रा नहीं हुई जिसके बाद वर्ष 2015 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सेशेल्स का दौरा करके वहां जाने वाले दूसरे भारतीय प्रधानमंत्री का रिकॉर्ड बनाया।
PM मोदी मोदी की पिछली यात्रा का क्या था उद्देश्य ?
PM मोदी की पिछली यात्रा का मुख्य उद्देश्य हिंद महासागर क्षेत्र में भारत और सेशेल्स के बीच सुरक्षा सहयोग को मजबूत करना था। इसी दौरान भारत ने सेशेल्स को दूसरा डोर्नियर समुद्री निगरानी विमान उपलब्ध कराने की घोषणा की थी जिससे समुद्री निगरानी और तटीय सुरक्षा को बढ़ाने में काफी हद तक मदद मिली थी।
इसके अलावा भारत की मदद से ही विकसित तटीय निगरानी रडार नेटवर्क का भी उद्घाटन किया गया था। यह नेटवर्क हिंद महासागर में जहाजों की गतिविधियों पर नजर रखने और समुद्री सुरक्षा को बेहतर बनाने की व्यापक रणनीति का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जाता है।