जम्मू-कश्मीर में अलग-अलग सड़क हादसों में पांच की मौत

जम्मू-कश्मीर के सांबा, पुंछ और रामबन जिलों में बुधवार को चार अलग-अलग सड़क दुर्घटनाओं में एक नाबालिग लड़की समेत पांच लोगों की मौत हो गई। पुलिस ने यह जानकारी दी।

पुलिस ने कहा कि सांबा में एक पुल पर गलत दिशा से आ रहे एक ट्रक ने मोटरसाइकिल को टक्कर मार दी, जिससे उस पर सवार दो साधुओं बाबा भीम गिरी (55) और सुरेश कुमार (52) की मौत हो गई। दोनों साधु नरवाल बाइपास के रहने वाले थे और पठानकोट जा रहे थे।

पुलिस ने बताया कि हादसा सुबह करीब 10 बजे हुआ और घटना के बाद ट्रक चालक मौके से फरार हो गया।

पुलिस के अनुसार पुंछ के सुरनकोट इलाके में सुबह 11.30 बजे हुई एक अन्य दुर्घटना में एक यात्री वाहन सड़क से फिसलकर 100 मीटर गहरी खाई में जा गिरा। इस हादसे में वाहन को चला रहे 26 वर्षीय मोहम्मद नसीर खान की मौके पर ही मौत हो गई।

पुलिस ने कहा कि रामबन जिले में जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर बनिहाल अदालत परिसर के पास एक तेज रफ्तार ट्रक की चपेट में आने से 17 वर्षीय लड़की की मौत हो गई। उन्होंने कहा कि मृतक की पहचान सबूरा रफीक के रूप में हुई है। पुलिस ने बताया कि चालक को गिरफ्तार कर लिया है।

पुलिस ने कहा कि इसी राजमार्ग पर रामबन में एक अन्य घटना में एक चालक की मौत हो गई और दो यात्री घायल हो गए। दुर्घटना तब हुई जब लापरवाही से चलाए जा रहे एक ट्रक ने दलवास के पास एक खड़े डंपर को टक्कर मार दी।

उन्होंने बताया कि घायलों को अस्पताल ले जाया गया। पुलिस ने कहा कि मृतक ट्रक चालक की शिनाख्त की कोशिश की जा रही है।

जम्मू-कश्मीर : आतंकियों के हमले में जान गंवाने वाले वीडीजी को सुपुर्द-ए-खाक किया गया

आतंकवादियों के साथ हुई मुठभेड़ में जान गंवाने वाले ग्राम रक्षा गार्ड (वीडीजी) मोहम्मद शरीफ को सोमवार को जम्मू-कश्मीर के उनके पैतृक गांव में बारिश के बीच गमगीन माहौल में सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया।

उनकी पांच नाबालिग बेटियों, पत्नी और मां के उचित पुनर्वास के लिए राहत पैकेज की मांग की गई है।

सीमा पार से हाल में घुसपैठ करने वाले आतंकवादियों के एक समूह ने बसंतगढ़ के पनारा गांव में रविवार तड़के पुलिस और वीडीजी के संयुक्त गश्ती दल पर हमला कर दिया था जिसमें 47 वर्षीय शरीफ की जान चली गई।

बसंतगढ़ थाने में पुष्पांजलि अर्पित करने के बाद रविवार शाम को पार्थिव देह को उनके परिवार को सौंप दिया गया।

जम्मू क्षेत्र के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक आनंद जैन ने मुठभेड़ के दौरान आतंकवादियों से वीरता से लड़ने के लिए शरीफ को श्रद्धांजलि अर्पित की।

फरार हुए आतंकवादियों का पता लगाने और उन्हें मार गिराने के लिए घने जंगल में पुलिस, सेना और अर्धसैनिक बलों का व्यापक तलाशी अभियान जारी है।

भारी बारिश के बावजूद वीडीजी सदस्यों सहित गांव और आसपास के क्षेत्रों के सैकड़ों स्थानीय लोग उनकी नमाज़-ए-जनाज़ा (मृतक की आत्मा की शान्ति के लिए पढ़ी जाने वाली नमाज़) में शामिल हुए जिसके बाद उन्हें उनके पैतृक कब्रिस्तान में दफनाया गया।

गमगीन लोग परिवार के प्रति सहानुभूति व्यक्त करने के लिए शरीफ के घर के बाहर जमा हुए और उम्मीद जताई कि सरकार उस गरीब परिवार के लिए पुनर्वास पैकेज की घोषणा करेगी जिसने कमाने वाला अपना एकमात्र शख्स खो दिया है।

शरीफ की पत्नी फातिमा बेगम ने कहा कि उन्हें देश के लिए अपने पति के बलिदान पर गर्व है लेकिन उनके जाने दुख भी है।

उन्होंने कहा, “ मेरी पांच नाबालिग बेटियों की देखभाल अब कौन करेगा?” उनके पास उनकी पांच से 15 साल की बेटियां बैठी थीं और वे भी गम में थीं।

बेगम ने कहा कि वह परिवार के लिए नाश्ता बना रही थीं जब शरीफ आए और उनसे कहा कि वह एक अभियान के लिए जा रहे हैं।

शरीफ की रिश्तेदार नसीमा बानो ने कहा कि अब यह सरकार की जिम्मेदारी है कि वह उस गरीब परिवार की देखभाल करे जिसने अपना कमाने वाला शख्स खो दिया है।

बानो ने कहा, “उन्होंने देश के लिए अपना जीवन बलिदान कर दिया और हमें उनके बलिदान पर गर्व है। लेकिन उनका जाना दर्दनाक भी है और उनकी पत्नी, पांच नाबालिग बेटियों और बुजुर्ग मां के लिए चिंता का कारण है। सरकार को आगे आकर परिवार को आश्वस्त करना चाहिए।”

उन्होंने कहा कि उन्हें गोलीबारी के बारे में पता चला और उन्होंने शरीफ से फोन पर संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन “किसी पुलिसकर्मी ने फोन उठाया और कहा कि उन्हें गोली लगी है। वास्तविकता यह थी कि उनकी मौत हो चुकी थी और उन्हें कम से कम छह गोलियां लगी थीं।”

शरीफ के भाई और वीडीजी सदस्य मोहम्मद अबाज़ ने कहा कि वे एक साथ थे जब क्षेत्र गश्त के दौरान आतंकवादियों ने उन पर गोलीबारी की।

उन्होंने कहा कि यह मुठभेड़ 15 साल से अधिक समय के अंतराल के बाद हुई है।

जम्मू कश्मीर: 102 वर्ष के बुजुर्ग ने युवाओं के लिए नौकरियों की आस में डाला वोट

जम्मू कश्मीर की जम्मू लोकसभा सीट के लिए शुक्रवार को 102 साल के एक बुजुर्ग ने रियासी के एक मतदान केन्द्र में मतदान किया और उम्मीद जताई कि नयी सरकार युवाओं के लिए नौकरियां लाएगी जिससे केन्द्र शासित प्रदेश के युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाने में मदद मिलेगी।

लोकसभा चुनाव के दूसरे चरण में जम्मू संसदीय क्षेत्र में मतदान शुरू हुआ, जिसमें 17.81 लाख से अधिक मतदाता 22 उम्मीदवारों की चुनावी किस्मत का फैसला करेंगे।

हाजी करमदीन (102) ने रियासी में मतदान के बाद कहा,‘‘ यह युवा पीढ़ी नशे के कारण बर्बाद हो रही है। वे खाली बैठे हैं क्योंकि नौकरी नहीं है। जम्मू कश्मीर में नशे की समस्या से निपटने के लिए सरकार को युवाओं को रोजगार देना चाहिए। जो भी सरकार सत्ता में आए उसे इस युवा पीढ़ी को बचाने के लिए नौकरियां देनी चाहिए।’’

वयोवृद्ध करमदीन को उनके परिजन मतदान केंद्र पर लाए थे और पीठासीन अधिकारी ने फूल देकर उनका स्वागत किया।

हाजी ने कहा,‘‘ इस उम्र में इस मतदान केन्द्र में वोट डालकर मैं प्रसन्न हूं। मैंने हमेशा मतदान किया है। आज 102 वर्ष की उम्र में यह यात्रा जारी है।’’

हाजी 100 वर्ष से अधिक आयु के उन 666 व्यक्तियों में से एक हैं जो जम्मू लोकसभा क्षेत्र में मतदान करने के लिए पंजीकृत हैं।

जम्मू-कश्मीर के राजौरी में संदिग्ध गतिविधि दिखाई देने पर सेना ने गोलीबारी की

जम्मू-कश्मीर में राजौरी जिले के एक गांव में शनिवार तड़के सेना के जवानों ने अपने शिविर के निकट संदिग्ध गतिविधि दिखाई देने पर गोलीबारी की। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि दरहाल इलाके में स्रोथा मोरहा गांव में हुई गोलीबारी में कोई हताहत नहीं हुआ है।

उन्होंने कहा कि अज्ञात व्यक्तियों के एक समूह को शिविर की ओर बढ़ते देखकर एक संतरी ने गोलियां चलाईं, जिसके बाद यह समूह निकटवर्ती गांव में भाग गया। उन्होंने कहा कि संदिग्धों की तलाश में अभियान चलाया जा रहा है।

अधिकारियों ने बताया कि सुरक्षा बलों ने शनिवार सुबह राजौरी के शाहदरा शरीफ इलाके में भी तलाशी अभियान चलाया लेकिन इस मामले में किसी को गिरफ्तार नहीं किया गया है।

जम्मू-कश्मीर की उधमपुर सीट पर तीन उम्मीदवार करोड़पति: चुनावी शपथपत्र

जम्मू-कश्मीर की उधमपुर लोकसभा सीट पर तीन प्रमुख उम्मीदवार करोड़पति हैं। निर्वाचन आयोग को सौंपे गए चुनावी हलफनामों से यह जानकारी मिली है।

उधमपुर लोकसभा सीट पर 19 अप्रैल को मतदान होगा।

चुनावी हलफनामों के अनुसार हाल में कांग्रेस में फिर से शामिल हुए चौधरी लाल सिंह इस सीट से अपना चौथा लोकसभा चुनाव लड़ रहे हैं और पिछले डेढ़ दशक में उनकी संपत्ति में कई गुना वृद्धि हुई है।

उन्होंने और उनकी पत्नी एवं पूर्व विधायक कांता अंडोत्रा ने 2024 के लोकसभा चुनाव के लिए दिए हलफनामे में क्रमशः 1.79 करोड़ रुपये और 1.76 करोड़ रुपये की चल और अचल संपत्ति दिखाई है, जबकि 2009 के लोकसभा चुनाव में उनकी संपत्ति क्रमश: 7.27 लाख रुपये और 10.62 लाख रुपये थी।

चौधरी लाल सिंह (65) प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा धनशोधन मामले में जांच का सामना कर रहे हैं। उन्होंने बुधवार को उधमपुर-कठुआ लोकसभा क्षेत्र अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। इस दौरान उन्होंने हलफनामा भी दिया है।

चौधरी लाल सिंह को उनकी पत्नी द्वारा संचालित एक शैक्षिक ट्रस्ट के खिलाफ धनशोधन मामले में ईडी ने पिछले साल सात नवंबर को गिरफ्तार किया था। हालांकि तीन हफ्ते बाद उन्हें जमानत पर रिहा कर दिया गया था।

अपने नये हलफनामे में, चौधरी लाल सिंह ने अपनी चल संपत्ति का मूल्य 26,53,027 रुपये और अचल संपत्ति का मूल्य 1.53 करोड़ रुपये बताया है। वर्ष 2024 में उनकी पत्नी की चल संपत्ति 76.60 लाख रुपये और अचल संपत्ति एक करोड़ रुपये की है।

नये हलफनामे के अनुसार संपत्ति में उनके पास 45,000 रुपये की नकदी और उनकी पत्नी के पास 40,000 रुपये की नकदी हैं। इसके अनुसार उनके और उनकी पत्नी के तीन-तीन बैंक खातों में क्रमशः 11.63 लाख रुपये और 25.40 लाख रुपये से अधिक की राशि हैं।

इसके अनुसार संपत्ति में उनकी पत्नी के नाम पर मरहीन में एक आवास और बशोली में गैर-कृषि भूमि भी शामिल है।

हलफनामे के अनुसार कांग्रेस उम्मीदवार पर 20.34 लाख रुपये की देनदारी है, जिसमें यूको बैंक का 15.34 लाख रुपये का कर्ज भी शामिल है, जबकि उनकी पत्नी पर जम्मू-कश्मीर विधानसभा का पांच लाख रुपये का कर्ज है।

उन्होंने 2009 में अपनी चल संपत्ति 2,27,378 रुपये और अचल संपत्ति पांच लाख रुपये घोषित की थी, जबकि उनकी पत्नी की अचल और चल संपत्ति क्रमशः 5,62,000 रुपये और पांच लाख रुपये घोषित की गई थी।

हलफनामे के मुताबिक, केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने आरबी एजुकेशन ट्रस्ट में चौधरी लाल सिंह के खिलाफ आरोप पत्र दायर किया है, जिसे बाद में 2022 में ईडी ने धनशोधन के मामले में बदल दिया गया।

उनके अलावा, इस सीट पर दो और करोड़पति उम्मीदवार हैं, जिनमें भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता एवं केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह और गुलाम नबी आजाद के नेतृत्व वाली डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव आजाद पार्टी (डीपीएपी) के उम्मीदवार जी. एम. सरूरी शामिल हैं।

वर्ष 2014 और 2019 के चुनावों में उधमपुर सीट से जीत दर्ज करने वाले जितेंद्र सिंह ने अपनी चल संपत्ति 3.33 करोड़ रुपये और अचल संपत्ति 3.71 करोड़ रुपये की बताई है। उनकी पत्नी मंजू सिंह की चल संपत्ति 88.88 लाख रुपये और अचल संपत्ति 66 लाख रुपये आंकी गई है।

डीपीएपी उम्मीदवार सरूरी के पास 4,446,542 रुपये की चल संपत्ति और 1,11,560 रुपये की नकदी हैं। उनके पास कोई आभूषण नहीं है।

हलफनामे के अनुसार उनकी पत्नी के पास 2,828,247 रुपये की चल संपत्ति है, जिसमें 500 ग्राम सोना और 151,500 रुपये की नकदी शामिल हैं।

इसके अनुसार सरूरी के पास 51,924,450 रुपये की अचल संपत्ति है, जबकि उनकी पत्नी के पास 8,407,755 रुपये की अचल संपत्ति है।

इस सीट के लिए निर्दलीयों समेत 12 उम्मीदवारों के नामांकन वैध पाए गए हैं।

जम्मू संसदीय सीट के लिए अधिसूचना जारी, 26 अप्रैल को मतदान

जम्मू लोकसभा सीट पर 26 अप्रैल को होने वाले मतदान के लिए बृहस्पतिवार को अधिसूचना जारी कर दी गई। एक निर्वाचन अधिकारी ने यह जानकारी दी।

जम्मू क्षेत्र देश भर के उन 88 संसदीय क्षेत्रों में एक है जहां 26 अप्रैल को दूसरे चरण में मतदान होना है।

जम्मू के जिलाधिकारी और क्षेत्र के निर्वाचन (रिटर्निंग) अधिकारी सचिन कुमार वैश्य ने नामांकन दाखिल करने के लिए अधिसूचना जारी की।

उन्होंने कहा कि चार अप्रैल तक नामांकन दाखिल किए जा सकेंगे जबकि नामांकनों की जांच छह अप्रैल को की जाएगी। नाम वापस लेने की आखिरी तारीख आठ अप्रैल है।

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने जम्मू सीट से अपने मौजूदा सांसद जुगल किशोर को जबकि कांग्रेस ने पूर्व मंत्री रमन भल्ला को उम्मीदवार बनाया है।

कुपवाड़ा में सुरक्षा बलों ने भारी मात्रा में हथियार, बारूद बरामद किया

सीमा सुरक्षा बल के जवानों ने बुधवार को जम्मू-कश्मीर के कुपवाड़ा जिले में हथियारों और गोला-बारूद का बड़ा जखीरा बरामद किया। बल ने इसकी जानकारी दी।

सीमा सुरक्षा बल ने कहा कि यह जब्ती सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ), भारतीय सेना और जम्मू-कश्मीर पुलिस के संयुक्त तलाशी अभियान के दौरान की गई।

उन्होंने बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर बीएसएफ, भारतीय सेना और जम्मू कश्मीर पुलिस ने बुधवार को कुपवाड़ा जिले के रंगवार में एक संयुक्त तलाशी अभियान शुरू किया और इस दौरान बड़े पैमाने पर हथियार एवं कारतूस बरामद किया गया ।

जम्मू में कुख्यात अपराधी को पीएसए के तहत गिरफ्तार किया गया

कुख्यात अपराधी विक्रमजीत सिंह उर्फ “विक्की” को यहां कठोर ‘जन सुरक्षा अधिनियम’ (पीएसए) के तहत गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी।

पुलिस के एक प्रवक्ता ने कहा कि विक्रमजीत सिंह के खिलाफ विभिन्न थानों में 15 प्राथमिकी दर्ज हैं और उसकी गिरफ्तारी के लिए कई वारंट जारी किए जा चुके थे।

प्रवक्ता ने कहा कि गंग्याल थाने की एक टीम ने वांछित अपराधी के खिलाफ जारी पीएसए वारंट पर अमल करते हुए उसे गिरफ्तार कर लिया।

उन्होंने कहा, “उसकी हिरासत जम्मू जिले में कानून व्यवस्था में सुधार की दिशा में एक और कदम है।”

इस बीच, प्रवक्ताओं ने कहा कि शनिवार को जम्मू में ‘ऑपरेशन क्लीनअप’ के तहत मादक पदार्थों के खिलाफ छापेमारी के दौरान 75 से अधिक संदिग्ध व्यक्तियों को हिरासत में लिया गया।

प्रवक्ता ने कहा कि भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) की सहायता से पुलिस ने राजीव नगर और धड़प-सतवारी में छापे मारे और एक कुख्यात मादक पदार्थ तस्कर के घर से 95,950 रुपये बरामद किए।

जम्मू-कश्मीर में राष्ट्रीय राजमार्गों के किनारे लैवेंडर लगाने का काम शुरू हुआ

केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने शनिवार को जम्मू और कश्मीर में 270 किलोमीटर लंबे जम्मू-श्रीनगर सड़क के रामबन-बनिहाल खंड से शुरू होने वाले राष्ट्रीय राजमार्गों के किनारे लैवेंडर वृक्षारोपण के माध्यम से ‘हरित खेती’ की शुरुआत की।

सिंह ने राजमार्ग के दोनों ओर और इसके डिवाइडर पर एक लाख वर्ग किमी से अधिक क्षेत्र में लैवेंडर लगाने के लिए कृषि उद्यमियों की सराहना की।

सिंह ने कहा, ‘‘इस अनूठी पहल के कई उद्देश्य हैं। इससे वाहन उत्सर्जन से पर्यावरण को होने वाले नुकसान को कम करने, सड़क दुर्घटनाओं को रोकने और सड़क के सौंदर्यीकरण में मदद मिलेगी’’

उन्होंने कहा, ‘‘आज का दिन जम्मू-कश्मीर के लिए आने वाले समय में पर्यावरण संरक्षण के लिए एक मील का पत्थर स्थापित करने के लिए याद किया जाएगा।’’

उन्होंने कहा कि बैंगनी क्रांति (लैवेंडर का पौधारोपण) ने भद्रवाह और जम्मू-कश्मीर को विश्व मानचित्र पर ला दिया है। यह ‘क्रांति’ हिमाचल प्रदेश, नागालैंड और मेघालय जैसे अन्य राज्यों में भी फैल गई है।

जम्मू कश्मीर के पुंछ में एक आतंकी ठिकाने का भंडाफोड़, सात आईईडी बरामद

सुरक्षा बलों ने रविवार को जम्मू कश्मीर में पुंछ जिले के एक जंगल में आतंकवादियों के एक ठिकाने का भंडाफोड़ किया और सात आईईडी बरादम किये तथा एक वायरलेस सेट जब्त किया।

अधिकारियों ने बताया कि यह ठिकाना सुरनकोट इलाके में दारा सांगला में एक गुफा के अंदर था। पुलिस और सेना के संयुक्त खोज दल ने इसका भंडाफोड़ किया।

उन्होंने बताया कि ठिकाने से कंबल और कुछ अन्य सामान भी बरामद किए गए हैं।

उन्होंने बताया कि एक मामला दर्ज किया गया है और मामले की जांच की जा रही है। अभी तक किसी को गिरफ्तार नहीं किया गया है।

अधिकारियों ने बताया कि प्रारंभिक जांच से पता चलता है कि इलाके में दो दशक पहले सक्रिय आतंकवादी इस ठिकाने का इस्तेमाल करते थे।