राजस्थान के पश्चिमी इलाकों में शनिवार को मौसम ने अचानक भयावह रूप ले लिया। पाकिस्तान सीमा की दिशा से उठे रेतीले तूफान ने श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, बीकानेर और चूरू समेत कई जिलों को अपनी चपेट में ले लिया। धूल के घने गुबार के कारण कई जगह दिन में ही अंधेरे जैसे हालात बन गए। इसका प्रभाव दिल्ली-NCR में भी देखने को मिला। मौसम विभाग के अनुसार, कई क्षेत्रों में हवाओं की रफ्तार 60 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे तक दर्ज की गई।
कुछ ही मिनटों में बदला मौसम का मिजाज
सुबह करीब 11 बजे सीमा से सटे क्षेत्रों में रेतीली आंधी का असर दिखाई देना शुरू हुआ। सबसे पहले श्रीगंगानगर में मौसम ने करवट ली, जिसके बाद तूफान तेजी से हनुमानगढ़, बीकानेर और चूरू की ओर बढ़ गया। चूरू पहुंचते-पहुंचते धूल भरी आंधी इतनी घनी हो गई कि आस-पास की चीजें काफी हद तक दिखाई देना कम हो गई और लोगों को दिन के समय भी रात जैसा माहौल महसूस हुआ।
मौसम विभाग ने जारी किया रेड अलर्ट
मौसम विभाग ने प्रदेश के कई जिलों के लिए रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, बीकानेर, चूरू, सीकर, नागौर, झुंझुनूं, जयपुर और फलोदी समेत कई जिलों में तेज आंधी, मेघगर्जन, बिजली गिरने, ओलावृष्टि और बारिश की चेतावनी दी गई है। कुछ इलाकों में हवाओं की रफ्तार 80 किलोमीटर प्रति घंटे से अधिक रहने की संभावना जताई गई है।
मोबाइल फोन पर पहुंचे इमरजेंसी अलर्ट
मौसम की गंभीरता को देखते हुए आपदा प्रबंधन विभाग ने भी विशेष चेतावनी जारी की। झुंझुनूं, नागौर और डीडवाना-कुचामन सहित कई जिलों में लोगों के मोबाइल फोन पर आपातकालीन अलर्ट संदेश भेजे गए। इन संदेशों में अगले कुछ घंटों के दौरान तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि की आशंका जताई गई। कई लोगों को मोबाइल पर सायरन जैसी आवाज के साथ चेतावनी भी मिली है।
Read More
‘आज हमारे भगवान आए हैं…’, सिंगापुर में नम आंखों के साथ लालू से मिलकर बोली बेटी, Viral Video ने छुआ लोगों का दिल