कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन पर एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। रेलवे विजिलेंस टीम ने एक ऐसे व्यक्ति को गिरफ्तार किया, जो खुद को रेलवे अधिकारी बताकर शिव गंगा एक्सप्रेस में सफर कर रहा था। पूछताछ में आरोपी संजय कुमार की फर्जी पहचान उजागर हुई। खुफिया सूचना के आधार पर विजिलेंस टीम अलर्ट हुई और आरोपी को पकड़कर हिरासत में लिया गया।
फर्जी दस्तावेजों और नगदी के साथ पकड़ा गया आरोपी
जाँच के दौरान संजय कुमार के पास से कई फर्जी दस्तावेज बरामद हुए। इनमें नकली आई कार्ड, ड्यूटी पास और सुविधा पास शामिल हैं। इसके अलावा आरोपी के पास से हजारों रुपये भी मिले। अधिकारियों ने बताया कि संजय कुमार इससे पहले भी रेलवे अधिकारी बनकर कई यात्राएं कर चुका है।
मुखबिर की सूचना ने लिया अहम कदम
रेलवे विजिलेंस के अधिकारियों ने बताया कि ट्रेन में फर्जी अधिकारी होने की शिकायत मिलने पर खुफिया तंत्र सक्रिय कर दिया गया था। मुखबिर की सूचना के आधार पर संजय कुमार को शिव गंगा एक्सप्रेस में सफर करते हुए पाया गया। इसके बाद कानपुर सेंट्रल पर उसे हिरासत में लेकर विस्तृत पूछताछ की गई।
पूछताछ में आरोपी ने कुबूल की कई घटनाएं
आरोपी संजय कुमार ने पूछताछ में कई चौंकाने वाले तथ्य स्वीकार किए। रेलवे विजिलेंस और अधिकारियों के मुताबिक, उसकी पूछताछ जारी है और उसके अन्य साथियों की तलाश भी चल रही है। अधिकारी यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि इस तरह के किसी भी जालसाजी की भविष्य में पुनरावृत्ति न हो।
रेलवे सुरक्षा और सतर्कता का उदाहरण
यह घटना रेलवे सुरक्षा और विजिलेंस की तत्परता का उदाहरण है। अधिकारियों के मुताबिक, रेलवे में फर्जी पहचान बनाकर यात्रियों और प्रशासन को धोखा देना गंभीर अपराध है। ऐसे मामलों की रोकथाम के लिए खुफिया तंत्र और विजिलेंस टीम की सतर्कता आवश्यक है।
READ MORE: होर्मुज में दो जहाजों पर गोलीबारी, ईरान का ऐलान-हमारी मंज़ूरी के बिना कोई एंट्री नहीं…

