बाराबंकी में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक(Deputy CM Brajesh Pathak ) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार के 12 वर्षों की उपलब्धियों पर विस्तार से चर्चा की। यह कार्यक्रम जिला पंचायत सभागार में आयोजित किया गया था जहां उन्होंने प्रेस वार्ता के माध्यम से सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं और विकास कार्यों की जानकारी साझा की।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले वर्षों में सरकार ने गरीबों के उत्थान, महिलाओं के सशक्तिकरण, युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने और किसानों के हितों की रक्षा जैसे क्षेत्रों में महत्वपूर्ण काम किए हैं। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि देश की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में भी लगातार कदम उठाए गए हैं।
अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे योजनाओं का लाभ
प्रेस वार्ता के दौरान ब्रजेश पाठक ने कहा कि सरकार का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि विकास योजनाओं का लाभ समाज के सबसे अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचे। उन्होंने बताया कि विभिन्न योजनाओं को जमीनी स्तर पर लागू करने के लिए प्रशासनिक तंत्र को और अधिक सक्रिय किया जा रहा है ताकि हर पात्र व्यक्ति तक सहायता पहुंच सके।
उन्होंने यह भी कहा कि सरकार लगातार इस दिशा में काम कर रही है कि योजनाएं केवल कागजों तक सीमित न रहें बल्कि उनका वास्तविक लाभ लोगों को मिले।
स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की बड़ी योजना
कार्यक्रम में स्वास्थ्य व्यवस्था से जुड़े सवालों का जवाब देते हुए उपमुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत और आधुनिक बनाने की दिशा में बड़े स्तर पर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि जल्द ही प्रदेश के सभी जिला स्तरीय अस्पतालों में आईसीयू (Intensive Care Unit) की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इसके लिए आवश्यक तैयारी और संसाधन जुटाने का काम तेजी से चल रहा है।
उन्होंने यह भी बताया कि स्वास्थ्य ढांचे को अधिक प्रभावी बनाने के लिए एक नया मॉडल तैयार किया जा रहा है जिसे ‘हब एंड स्पोक सिस्टम’ कहा जा रहा है। इसके तहत प्रमुख चिकित्सा संस्थानों जैसे संजय गांधी पोस्टग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ़ मेडिकल साइंसेज और पुराने मेडिकल कॉलेजों को जिला अस्पतालों से जोड़ा जाएगा ताकि मरीजों को बेहतर और विशेषज्ञ इलाज मिल सके।
टेली-आईसीयू से दूरदराज तक इलाज की सुविधा
डिप्टी सीएम ने जानकारी दी कि टेली-आईसीयू तकनीक के माध्यम से दूरस्थ क्षेत्रों के मरीजों को भी विशेषज्ञ डॉक्टरों की सलाह उपलब्ध कराई जाएगी। इससे उन मरीजों को विशेष लाभ मिलेगा जो बड़े अस्पतालों तक आसानी से नहीं पहुंच पाते हैं। यह व्यवस्था राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं को तकनीकी रूप से मजबूत बनाने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
कैंसर के बढ़ते मामलों को देखते हुए सरकार ने एक बड़ा निर्णय लिया है। उपमुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश के सभी मंडलों में कैंसर उपचार के लिए विशेष अस्पताल स्थापित किए जाएंगे। इसके अलावा 67 कैंसर डे-केयर सेंटर भी शुरू करने की योजना है जहां मरीजों को दिन में इलाज और देखभाल की सुविधा मिलेगी।