International Yoga Day 2026: देशभर में आज 12वां अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाया जा रहा है। इस साल PM मोदी ने कोलकाता में 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस प्रोग्राम में हिस्सा लिया है, यहां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लगभग 35 हजार लोगों के साथ सामूहिक योग किया है। कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री ने योग के महत्व के बारे में बताते हुए कहा कि योग व्यक्ति को स्वस्थ, ऊर्जावान और संतुलित जीवन जीने की प्रेरणा देता है।
’70 की उम्र में 50 जैसा दिखें’
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि योग स्वस्थ जीवन की सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने कहा कि योग लोगों को लंबे समय तक स्वस्थ रहने में मदद करता है और इसकी मदद से 70 की उम्र में 50 जैसा दिखा जा सकता है। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि योग केवल शरीर को फिट रखने का माध्यम नहीं बल्कि जीवन को संतुलित बनाने की कला भी सिखाता है।
#WATCH | West Bengal | Prime Minister Narendra Modi takes the stage at the 12th annual International Day of Yoga organised at the Red Road in Kolkata.
(Source: DD) pic.twitter.com/RZuHV4gJ9O
— ANI (@ANI) June 21, 2026
योग दिवस की थीम पर दिया जोर
इस वर्ष अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की थीम ‘Yoga for Healthy Ageing’ यानी स्वस्थ उम्र बढ़ने के लिए योग रखी गई है। प्रधानमंत्री ने कहा कि उम्र बढ़ने के बावजूद योग के माध्यम से व्यक्ति स्वस्थ, एक्टिव और एनर्जी से भरा हुआ रह सकता है। उन्होंने कहा कि योग जीवन के हर चरण में उपयोगी है और किसी विशेष आयु वर्ग तक सीमित नहीं है।
‘योग मानसिक स्वास्थ्य का भी मार्ग’
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आधुनिक जीवन में लोग असंतुलन की समस्या से जूझ रहे हैं। ऐसे समय में योग संतुलित जीवन जीने की राह दिखाता है। उन्होंने कहा कि जब व्यक्ति अपने शरीर को सही ढंग से संचालित करना सीख लेता है तो स्वास्थ्य उसका स्वभाव बन जाता है। योग केवल शारीरिक स्वास्थ्य ही नहीं बल्कि मानसिक स्वास्थ्य को भी मजबूत करने का माध्यम है।
‘योग सबको जोड़ता है’
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने कहा कि दुनिया के अलग-अलग हिस्सों से योग की अद्भुत तस्वीरें सामने आ रही हैं। पूरे विश्व में योग लोगों को एक-दूसरे से जोड़ने का काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि योग की सबसे बड़ी ताकत यही है कि यह सबको साथ लाता है और मानवता को एक सूत्र में बांधता है।
भगवान कृष्ण के संदेश का किया जिक्र
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में भगवान कृष्ण के संदेश का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि संतुलित आहार-विहार, संतुलित कर्म और संतुलित दिनचर्या जीवन के दुखों को दूर करने में मददगार होती है। योग इसी संतुलन को जीवन में स्थापित करने का माध्यम है।
बंगाल की योग परंपरा को किया याद
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि योग दिवस के अवसर पर पश्चिम बंगाल में होना उनके लिए विशेष अनुभव है। उन्होंने स्वामी विवेकानंद और लाहिड़ी महाशय जैसे महान योगियों का जिक्र करते हुए कहा कि बंगाल की भूमि ने योग और आध्यात्मिक परंपरा को दुनिया तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा कि इस धरती पर सामूहिक योग का अनुभव अलग आध्यात्मिक ऊर्जा प्रदान करता है। PM ने कहा, “21 जून का ये दिन, पृथ्वी के कुछ भूभाग पर साल में सबसे लंबी अवधि का दिन होता है और अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के कारण 21 जून का ये दिन विश्व के सबसे बड़े सामूहिक उत्सव का दिन बन गया है।” PM मोदी ने आगे कहा, “योगा मानवीय चेतना का प्रकाश है। आज सामूहिक उत्सव का दिन है। ये दिन सबको साथ लेकर आता है। योग से हमारा परिचय स्वामी विवेकानंद ने कराया है। वैश्विक जुड़ाव योग का मूल भाव है।”
हुगली नदी पर नावों में होगा अनोखा योग
आज हुगली नदी पर 500 से अधिक नावों पर भी योगासन किए जाएंगे। इस अनूठे आयोजन को लेकर दावा किया जा रहा है कि यह गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में भी स्थान बना सकता है। नदी पर एक साथ बड़ी संख्या में लोगों द्वारा योग किया जाना अद्भुत होगा।
योग बना जीवन की जरूरत
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि योग अब केवल व्यक्तिगत जीवनशैली का हिस्सा नहीं रह गया है, बल्कि आज की जरुरत बन चुका है। उन्होंने लोगों से अपील की कि योग को केवल एक दिन या किसी कार्यक्रम तक सीमित न रखें, बल्कि इसे अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाएं।
आगे युद्धपोतों का करेंगे उद्घाटन
योग दिवस कार्यक्रम पूरा करने के बाद प्रधानमंत्री मोदी के लोक भवन लौटने और बाद में पोर्ट पहुंचने का कार्यक्रम है। वहां वे तीन युद्धपोतों का आधिकारिक उद्घाटन भी करेंगे।
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