23 साल की उम्र में पैरा हाई-जम्पर प्रवीण कुमार ने अपने खेल करियर में एक और मील का पत्थर जोड़ लिया है। जेवर के रहने वाले इस एथलीट को खेलों में बेहतरीन सेवाओं के लिए पद्म श्री से सम्मानित किया जाएगा। इसके साथ ही वह यह नागरिक सम्मान पाने वाले सबसे कम उम्र के पैरा-एथलीटों में से एक बन गए हैं।
प्रवीण ने पाँच साल के अंदर ही तीन बड़े राष्ट्रीय खेल सम्मानों की एक दुर्लभ हैट्रिक पूरी कर ली है। उन्होंने 2021 में टोक्यो पैरालंपिक में पुरुषों की हाई जंप T64 स्पर्धा में रजत पदक जीता था, जिसके लिए उन्हें उसी साल अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। इसके बाद 2024 में पेरिस पैरालंपिक में उन्होंने अपने रजत पदक को स्वर्ण पदक में बदल दिया, जिसमें उन्होंने 2.08 मीटर की अपनी सर्वश्रेष्ठ व्यक्तिगत छलांग लगाई। इसके लिए जनवरी 2025 में उन्हें मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
अदम्य हौसले और रिकॉर्डतोड़ ऊंचाइयों से भारतीय पैरा एथलेटिक्स को नई पहचान दिलाने वाले विश्व नंबर-1 पैरा हाई जंपर श्री प्रवीण कुमार को पद्म श्री से सम्मानित किया जाएगा।#PeoplesPadma #PadmaAwards2026@HMOIndia @PadmaAwards @PibLucknow @DDUttarPradesh @airnews_gkp pic.twitter.com/l480zg3odp
— PIB – Ministry of Home Affairs (@PIBHomeAffairs) May 17, 2026

