दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता(Rekha Gupta) ने बृहस्पतिवार को रक्षाबंधन का पर्व बच्चों के साथ आत्मीय माहौल में मनाया। इस अवसर पर सड़क पर रहने वाले बच्चों के एक समूह ने मुख्यमंत्री से मुलाकात की और उन्हें अपने हाथों से तैयार की गई राखियां बांधीं। बच्चों के इस स्नेह से कार्यक्रम का माहौल बेहद भावुक और खुशनुमा हो गया।
मुख्यमंत्री ने भी बच्चों को उपहार और चॉकलेट देकर उनकी खुशी बढ़ाई। उन्होंने बच्चों के साथ समय बिताते हुए उनके स्कूल, पढ़ाई, परिवार और भविष्य के सपनों के बारे में बातचीत की। कुछ बच्चों ने अपनी प्रतिभा दिखाते हुए कविताएं और गीत भी प्रस्तुत किए।
प्रेम, भरोसे और जिम्मेदारी का संदेश
रेखा गुप्ता ने कहा कि रक्षाबंधन केवल कलाई पर बांधा जाने वाला धागा नहीं है। यह आपसी प्रेम, विश्वास, देखभाल और जिम्मेदारी की भावना को दर्शाता है। उन्होंने बच्चों को भरोसा दिलाया कि दिल्ली सरकार उनकी शिक्षा, बेहतर जीवन और आगे बढ़ने के सपनों में सहयोग करने के लिए जरूरी कदम उठाएगी।
CM रेखा ने बच्चों की बातों को ध्यान से सुना और उन्हें प्रोत्साहित किया कि वे अपने सपनों को लेकर आगे बढ़ें और मेहनत के साथ अपनी पहचान बनाएं।
स्वच्छ यमुना अभियान से प्रेरित बच्चे
बच्चों ने बातचीत के दौरान मुख्यमंत्री को बताया कि वे उनके स्वच्छ यमुना अभियान से प्रभावित हुए हैं और इससे उन्हें पर्यावरण को लेकर जागरूक होने की प्रेरणा मिली है। मुख्यमंत्री ने बच्चों की सोच और रचनात्मकता की सराहना की।
उन्होंने बच्चों से दिल्ली को साफ, सुंदर और बेहतर बनाने में अपनी भूमिका निभाने की अपील भी की। यह रक्षाबंधन बच्चों के लिए केवल राखी बांधने का अवसर नहीं रहा बल्कि उन्हें उम्मीद, अपनापन और अपने भविष्य के सपनों को पूरा करने का भरोसा देने वाला यादगार पल भी बना।