Sanjeev Arora Money Laundering Case: ED ने पंजाब कैबिनेट मंत्री संजीव अरोड़ा से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए विशेष अदालत में 30 हजार से अधिक पन्नों की चार्जशीट दाखिल की है। एजेंसी ने इस चार्जशीट में संजीव अरोड़ा और उनकी कंपनी को आरोपी बनाया है। यह मामला करीब 100 करोड़ रुपये के मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़ा बताया जा रहा है।
कई महीनों की जांच के बाद दाखिल हुई चार्जशीट
ईडी पिछले कई महीनों से इस मामले की जांच कर रही थी। जांच के दौरान जुटाए गए दस्तावेजों, वित्तीय लेनदेन के रिकॉर्ड और संबंधित अधिकारियों से पूछताछ के आधार पर चार्जशीट तैयार की गई। एजेंसी का दावा है कि मामले से जुड़े अहम पहलुओं की जांच के बाद अदालत में यह दस्तावेज दाखिल किया गया है।
PSPCL अधिकारियों से भी हुई पूछताछ
जांच के दौरान पंजाब स्टेट पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (PSPCL) के अधिकारियों से भी पूछताछ की गई। 20 मई को ईडी ने चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक बसंत गर्ग से पूछताछ की थी। इसके बाद जांच का दायरा और बढ़ा और मामले में संजीव अरोड़ा की मुश्किलें भी बढ़ गईं।
कई अधिकारियों को भेजे गए समन
ईडी ने इस मामले में पंजाब स्टेट पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड के कई अधिकारियों को समन भी जारी किए। एजेंसी ने दिल्ली स्थित अपने कार्यालय में पेश होने के लिए डायरेक्टर हर्षरण कौर त्रेहन के अलावा हेमंत सूद और चंदर शेखर को भी तलब किया। अधिकारियों से परियोजनाओं, वित्तीय लेनदेन और संबंधित दस्तावेजों के बारे में जानकारी ली गई।
दस्तावेजी साक्ष्यों के आधार पर आगे बढ़ी कार्रवाई
सूत्रों के अनुसार, ईडी ने जांच के दौरान जुटाए गए दस्तावेजी साक्ष्यों, बैंक रिकॉर्ड के आधार पर विशेष अदालत में चार्जशीट दाखिल की है। अब अदालत इस चार्जशीट पर सुनवाई करेगी और आगे की कानूनी प्रक्रिया तय करेगी। वहीं, ईडी का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है और यदि जांच के दौरान नए तथ्य सामने आते हैं तो आगे भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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