फरीदाबाद(Faridabad) की एक हिंदू युवती द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर पुलिस ने कथित दुष्कर्म, ब्लैकमेलिंग और आपत्तिजनक सामग्री के दुरुपयोग से जुड़े मामले में तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, यह मामला कई वर्ष पुराने परिचय से जुड़ा हुआ है जिसकी जांच फिलहाल जारी है। शिकायत में युवती ने आरोप लगाया है कि साल 2019 में बिहार स्थित अपने ननिहाल गई थी जिस दौरान उसकी पहचान मुजफ्फरपुर जिले के सरियां गांव के रहने वाले कमर राजा से हुई थी।
कमर राजा वहां की एक मस्जिद में काजी का काम करता था दोनों के बीच बातचीत बढ़ी और समय के साथ भरोसे का रिश्ता बना। बाद में युवक ने इस विश्वास का गलत फायदा उठाया और उसकी निजी तस्वीरें एवं वीडियो अपने पास सुरक्षित कर लिए और उन्हीं का फायदा उठाकर वो उसका लगातार शारीरिक और मानसिक रुप से शोषण करने लगा। लेकिन वो इसके खिलाफ कोई सख्त रुख न अपनाते हुए चुप रही।
धमकी देकर की 50 हजार रुपये की मांग
पुलिस जांच में सामने आया है कि जून 2026 महिने में मुख्य आरोपी कमर राजा का मोबाइल इसके 2 दोस्तों मोहम्मद शहनवाज और सादमान के हाथ लग गया। उन्होंने उसके फोन में मौजूद युवती की पर्सनल फोटो और वीडियो देख ली जिसका फायदा उठाकर उन्होंने भी उसके साथ मिलकर शारीरिक और मानसिक रुप से प्रताड़ित करना शुरु कर दिया और उससे जबरन 50 हजार रुपये की मांग करने लगे।
इसके बाद जब युवती को पता चला की उसकी कुछ फोटो और वीडियो वायरल हो गई हैं तो उसने हिम्मत जुटाकर महिला थाना सेंट्रल में शिकायत दर्ज कराई जिसमें कहा गया कि उन तीनों आरोपियों ने फोटो और वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देते हुए उससे पैसों की मांग की थी।
शिकायत के बाद शुरू हुई पुलिस कार्रवाई
मामले की जानकारी मिलने के बाद महिला थाना सेंट्रल में उन तीनों आरोपियों के खिलाफ पूरी शिकायत दर्ज की गई। इसको लेकर पुलिस ने शुरुआती जांच के आधार पर विभिन्न कानूनी धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है। जांच में साइबर और तकनीकी पहलुओं को भी शामिल किया गया है ताकि यह पता लगाया जा सके कि निजी सामग्री किस जरिए से वायरल की गई और उसका इस्तेमाल किन परिस्थितियों में हुआ? पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मामले में दुष्कर्म, आईटी कानून से संबंधित प्रावधानों, कथित जबरन वसूली और अन्य संबंधित धाराओं के तहत जांच की जा रही है।
3 आरोपी गिरफ्तार
जांच के दौरान पुलिस टीम ने बिहार में संभावित ठिकानों पर कार्रवाई की। इसके बाद तीन संदिग्धों को हिरासत में लिया गया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों से पूछताछ की गई और उनके कब्जे से मोबाइल फोन समेत कुछ डिजिटल उपकरण भी बरामद किए गए हैं जिनकी फॉरेंसिक जांच कराई जा रही है।
पुलिस जुटा रही सबूत
पुलिस का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की गहराई से जांच की जा रही है। डिजिटल साक्ष्यों, मोबाइल डेटा और अन्य तकनीकी जानकारियों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल तीनों आरोपियों को अदालत में पेश करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है और मामले की जांच जारी है।