अमेरिका में एक बड़ा और ऐतिहासिक बदलाव होने की चर्चा है। खबरों के मुताबिक, डोनाल्ड ट्रंप एक ऐसी परंपरा को बदलने जा रहे हैं, जो करीब 165 साल से चली आ रही है। बताया जा रहा है कि अमेरिकी आजादी के 250 साल पूरे होने के मौके पर डॉलर(US Dollar) के नोटों में बदलाव की तैयारी की जा रही है। इसी के तहत पहली बार किसी मौजूदा राष्ट्रपति के हस्ताक्षर अमेरिकी करेंसी पर शामिल किए जा सकते हैं। यदि ऐसा होता है, तो 1861 से चली आ रही परंपरा टूट जाएगी, क्योंकि अब तक डॉलर पर केवल “ट्रेजरर ऑफ द यूनाइटेड स्टेट्स” के सिग्नेचर ही होते रहे हैं।
डॉलर पर ट्रंप के हस्ताक्षर एक ऐतिहासिक निर्णय
अमेरिकी ट्रेजरी से जुड़े अधिकारियों के मुताबिक, इस कदम को देश की 250वीं वर्षगांठ के जश्न से जोड़कर देखा जा रहा है। ब्रैंडन बीच ने सोशल मीडिया पर जानकारी साझा करते हुए कहा कि ट्रंप के हस्ताक्षर को वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट के साथ करेंसी पर शामिल किया जा सकता है। इसे उन्होंने एक ऐतिहासिक और प्रतीकात्मक निर्णय बताया, जो नेतृत्व और योगदान को दर्शाएगा।
इसी क्रम में एक अन्य पहल के तहत ट्रंप की छवि वाले 24 कैरेट सोने के स्मारक सिक्के के डिजाइन को भी मंजूरी दी गई है, जो इस खास अवसर को और यादगार बनाने के उद्देश्य से तैयार किया जा रहा है।
वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने क्या कहा ?
वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने भी ट्रंप की आर्थिक नीतियों की सराहना करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में अमेरिका आर्थिक मजबूती और स्थिरता की दिशा में आगे बढ़ रहा है। वहीं ब्रैंडन बीच का कहना है कि “गोल्डन एज” जैसी आर्थिक वापसी में ट्रंप की भूमिका को देखते हुए उनका नाम और हस्ताक्षर करेंसी पर होना उपयुक्त है।
हालांकि, यह फैसला केवल प्रतीकात्मक नहीं माना जा रहा, बल्कि यह अमेरिका की मौद्रिक परंपराओं में एक बड़ा बदलाव भी हो सकता है। अगर इसे लागू किया जाता है, तो यह पहली बार होगा जब किसी वर्तमान राष्ट्रपति का सिग्नेचर सीधे अमेरिकी डॉलर पर दिखाई देगा और इसी के साथ 165 साल पुरानी परंपरा इतिहास बन जाएगी।