तेलंगाना(Telangana) में आज से चिकन कारोबार पूरी तरह प्रभावित हो गया है। चिकन शॉप मालिक संघ ने राज्यभर में हड़ताल का ऐलान किया है, जिसके चलते करीब 50 हजार से ज्यादा चिकन की दुकानें बंद रहेंगी।
यह विरोध पोल्ट्री कंपनियों के खिलाफ किया जा रहा है। दुकानदारों का कहना है कि कंपनियों ने चिकन बिक्री पर मिलने वाला लाभ मार्जिन काफी घटा दिया है, जिससे उनका कारोबार घाटे में जा रहा है। पहले जहां उन्हें प्रति किलोग्राम 26 रुपये तक का मार्जिन मिलता था, वहीं अब इसे घटाकर 16 रुपये कर दिया गया है।
दुकानदारों में नाराजगी
चिकन शॉप मालिकों का कहना है कि बढ़ती लागत के बीच इतने कम मार्जिन में दुकान चलाना मुश्किल हो गया है। बिजली बिल, किराया और कर्मचारियों की सैलरी जैसे खर्च लगातार बढ़ रहे हैं, लेकिन मुनाफा घटता जा रहा है। यही वजह है कि उन्होंने सामूहिक रूप से दुकानों को बंद रखने का फैसला लिया।
क्या हैं मांगें?
एसोसिएशन के अध्यक्ष नेल्लुतला शेखर के मुताबिक, मौजूदा हालात में 16 रुपये प्रति किलो का मार्जिन पर्याप्त नहीं है। उन्होंने मांग की है कि इसे बढ़ाकर कम से कम 30 रुपये प्रति किलोग्राम किया जाए, ताकि छोटे दुकानदार अपने खर्च निकाल सकें और कारोबार जारी रख सकें।
इस हड़ताल का असर बाजार में साफ दिखाई दे सकता है। चिकन की सप्लाई प्रभावित होने से कीमतों में बढ़ोतरी की आशंका है और आम उपभोक्ताओं को भी परेशानी झेलनी पड़ सकती है।
कब तक जारी रहेगी हड़ताल?
एसोसिएशन का कहना है कि जब तक पोल्ट्री कंपनियां बातचीत के लिए आगे नहीं आतीं और उनकी मांगों पर ठोस फैसला नहीं लिया जाता, तब तक यह हड़ताल जारी रहेगी। साथ ही, उन्होंने राज्य सरकार से भी इस मुद्दे में दखल देने और समाधान निकालने की अपील की है।