दिल्ली विधानसभा(Delhi Assembly) के अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने शनिवार को आठवीं विधानसभा के चौथे सत्र के दूसरे चरण, यानी बजट सत्र की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि यह सत्र संसदीय परंपराओं की उत्कृष्टता को दर्शाने वाला होना चाहिए। साथ ही उन्होंने सभी सदस्यों से सदन की गरिमा बनाए रखने और सार्थक चर्चा सुनिश्चित करने की अपील की। 23 मार्च से 25 मार्च तक चलने वाले इस सत्र के लिए उन्होंने सदन की कार्यप्रणाली और व्यवस्थाओं का विस्तार से निरीक्षण किया, ताकि कार्यवाही सुचारू रूप से संचालित हो सके।
डिजिटल विधानसभा की ओर बढ़ते कदम
इस बार के सत्र में तकनीकी उन्नयन पर विशेष ध्यान दिया गया है। विधायी कार्यों को आधुनिक बनाने के उद्देश्य से सभी विधायकों की सीटों पर डिजिटल टैबलेट लगाए गए हैं। इससे उन्हें सदन की कार्यवाही, जरूरी दस्तावेजों और अन्य विधायी सूचनाओं तक रियल-टाइम में पहुंच मिल सकेगी।
इसके अलावा, दिल्ली विधानसभा देश की पहली ऐसी विधानसभा बनने जा रही है, जहां सदस्यों की सहायता के लिए इन-हाउस एआई आधारित चैटबॉट ‘विधान साथी’ शुरू किया जाएगा। यह प्लेटफॉर्म विधायकों को विधेयकों, कानूनों और नीतिगत मामलों पर डेटा-आधारित जानकारी उपलब्ध कराने में मदद करेगा।
‘वंदे मातरम’ के लाइव गायन से होगी शुरुआत
इस बजट सत्र की एक खास बात यह भी है कि इसकी शुरुआत ‘वंदे मातरम’ के पूर्ण लाइव गायन से होगी, जिसे एक प्रसिद्ध गायक द्वारा प्रस्तुत किया जाएगा। यह पहल सदन के राष्ट्रीय स्वरूप को और मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
सत्र का मुख्य आकर्षण 24 मार्च को पेश किया जाने वाला वार्षिक बजट होगा, जो दिल्ली के विकास और प्रशासन से जुड़े अहम फैसलों की दिशा तय करेगा। अध्यक्ष ने सुरक्षा, तकनीकी और विधायी टीमों के बीच बेहतर समन्वय के निर्देश भी दिए, ताकि सदन की कार्यवाही उच्च स्तर की बनी रहे और लोकतांत्रिक परंपराओं का सम्मान सुनिश्चित हो सके।