चंडीगढ़ हरियाणा में नियम 134 ए के तहत गरीब बच्चों के दाखिले का मामला गरमाने लगा है. इसी को लेकर दो जमा पांच मुद्दे जन आंदोलन के अध्यक्ष सतबीर हुड्डा और उनके समर्थक धरने के लिए चंडीगढ़ स्थित सीएम आवास पहुंचे, हालांकि चंडीगढ़ पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की. इस दौरान चंडीगढ़ पुलिस और समर्थकों के बीच नौंकझौंक भी हुई. इसके बाद पुलिस ने सतबीर हुड्डा और उनके समर्थकों को गिरफ्तार कर लिया और उनको चंडीगढ़ के सेक्टर-3 पुलिस स्टेशन ले गई. पुलिस स्टेशन में सतबीर हुड्डा ने अनशन शुरू कर दिया. उन्होंने चेतावनी दी है कि जब तक उनकी मांगों को

पंचकूला डीएसपी भगवान दास सुसाइड मामले में नामजद आरोपियों को पकड़ने के लिए पंचकूला पुलिस ने आरोपी बलबीर और रामकुमार के घर पर रेड मारी। इस दौरान पुलिस ने बलबीर को गिरफ्तार कर लिया लेकिन चकमा देकर वो फरार हो गया। वहीं, पुलिस ने आरोपी रामकुमार के घर भी रेड मारी और उसे गिरफ्तार कर लिया, लेकिन घर की महिलाएं इसका विरोध करने लगीं। इसका फायदा उठाकर रामकुमार मौके से फरार हो गया।महिलाओं का आरोप है कि इसके बाद पुलिस ने उनसे मारपीट की है। उधर, शेखपुरा गांव में डीएसपी भगवान दास सुसाइड मामले में पुलिस की कार्रवाई के बाद राजकुमार कसाना

चंडीगढ़ हरियाणा में फरवरी, 2017 में जाट आंदोलन के दौरान वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु के घर आगजनी के मामले में विशेष सीबीआई कोर्ट ने आरोपी धर्मेंद्र के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किए हैं. शनिवार को सुनवाई के दौरान 38 आरोपियों में से 17 कोर्ट में पेश हुए, जबकि 20 की पेशी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये हुई. सुनवाई के दौरान सीबीआई ने कोर्ट में स्टेटस रिपोर्ट पेश करने के लिए और समय मांगा है. मामले की अगली सुनवाई 29 अप्रैल को होगी.

चंडीगढ़ पंजाब यूनिवर्सिटी में फीस बढ़ोतरी के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे छात्रों और पुलिस के बीच 11 अप्रैल को हुई झड़प में गिरफ्तार 53 छात्रों को कोर्ट से जमानत मिल गई है. छात्रों का कहना है कि फीस बढ़ोतरी के खिलाफ उनका प्रदर्शन जारी रहेगा और इसके लिए पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह से भी मुलाकात करेंगे और फंड की मांग करेंगे. वहीं दूसरी ओर फीस बढ़ोतरी के खिलाफ एनएसयूआई के कार्यकर्ताओं ने चंडीगढ़ की सांसद किरण खेर के आवास का घेराव करने पहुंचे, लेकिन चंडीगढ़ पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को पहले ही रोक दिया. इस दौरान चंडीगढ़ पुलिस ने 11 एनएसयूआई कार्यकर्ताओं को

चंडीगढ़ पंजाब सरकार ने शनिवार को औपचारिक अधिसूचना जारी कर कुछ श्रेणी के वाहनों को छोड़कर सभी तरह के वाहनों पर लालबत्ती के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगा दिया है. राज्य सरकार ने कहा कि यह वीआईपी संस्कृति खत्म करने की दिशा में उठाया गया यह एक महत्वपूर्ण कदम है. अब लाल बत्ती का इस्तेमाल केवल कुछ ही श्रेणियों में उच्च गणमान्य व्यक्तियों द्वारा किया जा सकता है. जिसमें पंजाब के गवर्नर, मुख्य न्यायाधीश और पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के न्यायाधीश शामिल हैं. पंजाब मंत्रिमंडल ने पिछले महीने पहली मंत्रीमंडलीय बैठक में वीआईपी संस्कृति खत्म करने का फैसला लिया था. बैठक में कुछ खास श्रेणियों को

हरियाणा सरकार अफसरों की कमी से जूझ रही है। एक-एक अधिकारी पर काम का अतिरिक्त बोझ डाल दिया गया है। एक अधिकारी दो महत्वपूर्ण विभागों का जिम्मा देख रहे हैं। उन्हें एक-एक तीसरा विभाग और थमा दिया गया है। इसकी बानगी इसी सप्ताह हुए तबादलों में दिख चुकी है। अब सरकार एक और सूची निकालने की तैयारी में है। अधिकारियाें की कमी का यह आलम है कि इस साल सात-आठ आईएएस अधिकारी सेवानिवृत्त हो रहे हैं। इनमें से केंद्र में प्रतिनियुक्ति पर गए अजीत मोहन शरण 31 मार्च को सेवानिवृत्त हो चुके हैं, जबकि केंद्र में कार्यरत 1980 बैच के अशोक

पिछले कई दिनों से पंजाब यूनिवर्सिटी में बिगड़े माहौल के बीच पंजाब के राज्यपाल वीपी बदनौर ने कड़े तेवर दिखाए हैं। हिंसक घटना के बाद राज्यपाल की तरफ से आदेश जारी किया गया है कि पीयू हिंसा में जो निर्दोष स्टूडेंट्स फंसे हैं, उनके लिए एक कमेटी बनाई जाए, कमेटी रिव्यू कर निर्दोष छात्र-छात्राओं की डिटेल दे, ताकि निर्दोष विद्यार्थी इस झंझट से बाहर आ सकें. राज्यपाल ने फीस कैसे कम की जाए, इस पर भी बैठक करने को कहा है। पंजाब के राज्यपाल बदनौर ने वीसी प्रोफेसर अरुण कुमार ग्रोवर सहित यूटी के तमाम अधिकारियों को तलब किया और पंजाब

पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने राज्य में वीआईपी सुरक्षा के मुद्दे पर समीक्षा करने के लिए उन्नीस अप्रैल को चंडीगढ़ में एक उच्च स्तरीय बैठक बुलाई है। बैठक में राज्य के डीजीपी सुरेश अरोड़ा समेत कई सीनियर अफसर शामिल होंगे। गौरतलब है कि जब से पंजाब में कैप्टन अमरिंदर सिंह की सरकार आई है तब से सरकार ने वीआईपी सुरक्षा को लेकर बड़े पैमाने पर कटौती की है। ताकि ज्यादा से ज्यादा पुलिस कर्मियों को नागरिक सुरक्षा और दूसरे कई अहम स्थानों पर तैनात किया जा सके।

चंडीगढ़ पंजाब यूनिवर्सिटी में फीस बढ़ोतरी को लेकर हुए हंगामे के दौरान गिरफ्तार किए गए 53 छात्रों को चंडीगढ़ की जिला अदालत में पेश किया गया. जहां, कोर्ट ने सभी आरोपियों को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया. पेशी के दौरान बार एसोसिएशन के वकीलों ने कोर्ट में जाकर छात्रों का समर्थन किया. इस दौरान हरियाणा और पंजाब के वकील शामिल थे. इन वकीलों ने छात्रों की जमानत के लिए याचिका दायर की, जिसपर सुनवाई 15 अप्रैल को होगी. वहीं, सुनवाई के दौरान कोर्ट ने हिरासत में छात्रों के साथ मारपीट के मामले को लेकर डॉक्टरों की दो सदस्यीय कमेटी बनाई

हरियाणा में रोडवेज बसों का चक्का जाम जारी है। आज भी रोडवेज की बसे नहीं चलेंगी। हड़ताल को लेकर मंगलवार को चंडीगढ़ में परिवहन विभाग और परिवहन मंत्री के साथ कर्मचारियों की बैठक भी हुई थी लेकिन ये बैठक बेनतीजा रही और रोडवेज कर्मचारियों ने हड़ताल जारी रखने की घोषणा कर दी है। कर्मचारियों का कहना है कि सरकार ट्रांस्पोर्ट पॉलिसी को वापस लेने के लिए तैयार नहीं जब तक सरकार पॉलिसी को वापस नहीं लेती तब तक हड़ताल जारी रहेगी। वहीं, परिवहन मंत्री कृष्ण लाल पंवार ने कहा कि सरकार के दरवाजे बातचीत के लिए खुले हैं।