पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला की मां चरण कौर के बयानों के आधार पर मानसा पुलिस ने एक डिजिटल कंपनी समेत तीन लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है। यह कार्रवाई हाल ही में लगाए गए गंभीर वित्तीय आरोपों के बाद की गई है। उनका दावा है कि संबंधित कंपनी उनके साथ वित्तीय धोखाधड़ी कर रही है और करीब 30 करोड़ रुपये की हेराफेरी हुई है।
पिछले सप्ताह के धरने के बाद थाना सदर, मानसा पुलिस ने चरण कौर के बयान दर्ज कर ‘वन डिजिटल’ कंपनी के साथ गुरप्रीत सिंह और शब्बीर मोमिन के खिलाफ FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हालांकि मूसेवाला के पिता बलकौर सिंह ने म्यूजिक प्रोड्यूसर बंटी पर भी आरोप लगाए थे, लेकिन अब तक सामने आई FIR में उनका नाम शामिल नहीं है।
ऑडिट रिपोर्ट और रॉयल्टी को लेकर विवाद
11 फरवरी को हुए प्रदर्शन के दौरान बलकौर सिंह ने कहा था कि जो कंपनियां सिद्धू के गानों के डिजिटल राइट्स और मार्केटिंग संभाल रही हैं, वे पिछले लगभग एक साल से न तो ऑडिट रिपोर्ट दे रही हैं और न ही रॉयल्टी का भुगतान कर रही हैं। सिद्धू मूसेवाला की मौत के बाद उनके कई गाने रिलीज हुए, जिनमें ‘वार’, ‘मेरा ना’ और ‘SYL’ जैसे ट्रैक वैश्विक स्तर पर चर्चित रहे।
परिवार का कहना है कि इन गानों को डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर करोड़ों व्यूज मिले हैं और यह उनके बेटे की मेहनत का नतीजा है, जिस पर कानूनी अधिकार केवल माता-पिता का है। परिवार ने कुल आय का कोई सटीक आंकड़ा सार्वजनिक नहीं किया है। हालांकि एक इंटरव्यू में बंटी बैंस ने कहा था कि यूट्यूब और स्पॉटिफाई जैसे प्लेटफॉर्म्स से सिद्धू के गानों की संभावित मासिक आय लगभग 30 करोड़ रुपये तक हो सकती है।
बंटी बैंस की सफाई
दूसरी ओर, बंटी बैंस ने सोशल मीडिया के जरिए अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि इस मामले में उनकी छवि को बेवजह बुरा बनाया जा रहा है। उन्होंने शब्बीर मोमिन से आग्रह किया कि यदि सिद्धू परिवार के साथ कोई अनुबंध है तो उसका पूरा हिसाब-किताब कर भुगतान कर दिया जाए।
साथ ही उन्होंने पुलिस को आश्वस्त किया कि जांच में जरूरत पड़ने पर वे सहयोग के लिए उपलब्ध रहेंगे। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और आगे की कार्रवाई जांच रिपोर्ट के आधार पर तय की जाएगी।