मुंबई(Mumbai) और आसपास के महानगर क्षेत्र (MMR) में सफर करने वाले आम लोगों की जेब पर जल्द ही अतिरिक्त बोझ पड़ने वाला है। 1 सितंबर 2026 से मुंबई, ठाणे, नवी मुंबई, पालघर और पनवेल जैसे इलाकों में ऑटो रिक्शा और काली-पीली टैक्सियों के किराए में बढ़ोतरी की जा रही है।
कितनी बढ़ जाएंगी कीमतें?
नई व्यवस्था के तहत यात्रियों को अब हर सफर के लिए ज्यादा पैसे चुकाने होंगे:
ऑटो रिक्शा: ऑटो का न्यूनतम किराया 26 रुपये से बढ़कर 27 रुपये हो गया है। वहीं प्रति किलोमीटर का किराया 17.14 रुपये से बढ़कर 18.22 रुपये तय किया गया है।
काली-पीली टैक्सी: टैक्सी का न्यूनतम किराया 31 रुपये से बढ़ाकर 33 रुपये कर दिया गया है। इसके अलावा प्रति किलोमीटर की दर 20.66 रुपये से बढ़कर 21.90 रुपये हो जाएगी।
यह न्यूनतम किराया शुरुआती 1.5 किलोमीटर की यात्रा पर लागू होगा।
मीटर अपडेट कराने की क्या है आखिरी तारीख ?
किराए में बदलाव के बाद सभी वाहनों के लिए इलेक्ट्रॉनिक मीटर को अपडेट कराना अनिवार्य कर दिया गया है। ऑटो और टैक्सी चालकों को 30 नवंबर 2026 तक अपने मीटर नई दरों के अनुसार कैलिब्रेट कराने होंगे। तय समयसीमा के भीतर मीटर अपडेट न कराने वाले चालकों पर जुर्माना या अन्य कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
क्यों बढ़ाए गए हैं दाम?
किराए में यह संशोधन ‘खटुआ समिति’ के तय किए गए फॉर्मूले के आधार पर किया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य ईंधन की बढ़ती कीमतों, वाहनों के रखरखाव और उनके संचालन में आने वाली लागत के बदलावों को संतुलित करना है। इससे पहले फरवरी 2025 में भी किराए में बढ़ोतरी की गई थी।
किराए की इन नई दरों के लागू होने से रोजाना सफर करने वाले यात्रियों के मासिक बजट पर सीधा असर पड़ेगा। ऐसे में यात्रियों के लिए सलाह है कि वे नई दरों के हिसाब से ही अपनी यात्रा का बजट बनाएं।