CM Yogi on Ram Mandir Donation Controversy: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या में राम मंदिर चंदा चोरी विवाद को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार ने मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया है और बहुत जल्द सच्चाई सामने आ जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा, ‘दूध का दूध और पानी का पानी जरूर होगा’। साथ ही उन्होंने राम भक्तों से जांच पूरी होने तक संयम बरतने और किसी प्रकार की बयानबाजी से बचने की अपील की है।
कांग्रेस और सपा पर साधा निशाना
अयोध्या में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी ने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि जिस कांग्रेस ने कभी भगवान राम के अस्तित्व को स्वीकार नहीं किया, वही आज राम मंदिर के मुद्दे पर सवाल उठा रही है। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने भगवान राम के मंदिर निर्माण में बाधाएं खड़ी करने की कोशिश की थी, लेकिन अब वही पार्टी अयोध्या को बदनाम करने का प्रयास कर रही है।
राम भक्तों पर गोलीकांड का किया जिक्र
मुख्यमंत्री योगी ने अपने संबोधन में कहा कि देश आज भी उस दौर को नहीं भूला है, जब अयोध्या में राम भक्तों पर गोलियां चलाई गई थीं। उन्होंने समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि जिन लोगों ने राम भक्तों पर गोली चलवाई, वे आज अयोध्या और राम मंदिर को लेकर सवाल खड़े कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अयोध्या को बदनाम करने की किसी भी साजिश को सफल नहीं होने दिया जाएगा।
SIT जांच में सहयोग की अपील
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए SIT का गठन किया है। यदि किसी व्यक्ति के पास इस मामले से जुड़े दस्तावेज या सबूत हैं तो उन्हें जांच एजेंसी को सौंपना चाहिए, ताकि सच्चाई सामने आ सके। उन्होंने कहा कि जांच पूरी होने तक किसी भी प्रकार की बयानबाजी से बचना चाहिए, जिससे जांच प्रक्रिया प्रभावित न हो।
राम भक्तों से 15 दिन इंतजार करने की अपील
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, ‘भगवान राम ने हमें मर्यादा का पाठ पढ़ाया है। उसी मर्यादा का पालन करते हुए हम लोगों ने उनके मंदिर के लिए 500 साल तक संघर्ष किया।’ उन्होंने राम भक्तों से अपील करते हुए कहा कि वे 15 दिन और धैर्य रखें तथा किसी भी तरह की अफवाह या भ्रामक प्रचार से प्रभावित न हों। मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या की गरिमा को ठेस पहुंचाने वालों के बहकावे में आने की जरूरत नहीं है।
अयोध्या के विकास का भी किया जिक्र
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि कुछ राजनीतिक दलों के नेताओं ने अब तक अयोध्या आकर भगवान राम के दर्शन तक नहीं किए और अपने विधायकों को भी यहां आने से रोका हुआ है। उन्होंने कहा कि ऐसे लोग अयोध्या के वर्तमान भव्य और विकसित स्वरूप को स्वीकार नहीं कर पा रहे हैं।
पिछली सरकारों पर लगाए आरोप
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि 2017 से पहले की सरकारों ने अयोध्या में बहादुर नायिका झलकारी बाई की प्रतिमा नहीं लगवाई, वे नायकों का सम्मान करने में विफल रहीं। उन सरकारों का ध्यान केवल कब्रिस्तान की चारदीवारी बनवाने पर ही था। कब्रिस्तान की चारदीवारी बनवाने में लगी सरकारें झलकारी बाई की प्रतिमा कैसे लगवा सकती थीं? उन सरकारों ने नायकों और अयोध्या, दोनों का ही अपमान किया।
जांच रिपोर्ट पर टिकी निगाहें
राम मंदिर चंदा विवाद को लेकर राजनीतिक बयानबाजी के बीच अब सभी की निगाहें SIT जांच पर टिकी हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने साफ किया है कि सरकार निष्पक्ष जांच के पक्ष में है और जांच पूरी होने के बाद तथ्य सार्वजनिक किए जाएंगे।
Read More:

