इजराइल और हमास के बीच जारी तनाव के बीच एक बड़ी राहत भरी खबर सामने आई है। हमास ने पहले चरण में 20 इजराइली बंधकों को रिहा कर दिया है। इन बंधकों को अंतरराष्ट्रीय रेड क्रॉस समिति (ICRC) की निगरानी में इजराइली सेना को सौंपा गया, जिसके बाद सभी को चिकित्सकीय जांच के लिए अस्पताल ले जाया गया। अधिकारियों के मुताबिक, प्रारंभिक स्वास्थ्य परीक्षण के बाद इन बंधकों को उनके परिजनों से मिलने की अनुमति दी जाएगी। बंधकों की सुरक्षित वापसी के बाद पूरे इजराइल में खुशी और राहत का माहौल है। कई शहरों में लोग सड़कों पर उतर आए और एक-दूसरे को बधाई दी।
यह रिहाई एक अस्थायी संघर्षविराम समझौते के तहत की गई है, जिसे अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थों की मदद से अमल में लाया गया। समझौते के मुताबिक, आने वाले दिनों में और भी बंधकों की रिहाई की उम्मीद जताई जा रही है। इसी बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प भी इजराइल पहुंचे हैं। तेल अवीव के बेन गुरियन एयरपोर्ट पर प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने उनका व्यक्तिगत रूप से स्वागत किया। ट्रम्प की यह यात्रा कूटनीतिक दृष्टि से अहम मानी जा रही है।
उधर, गाजा पट्टी में भी रिहाई की हलचल है। वहां के निवासी भी अपने कैदियों की रिहाई की उम्मीद में उत्सुक हैं। समझौते के तहत इजराइल की ओर से भी कुछ फिलिस्तीनी कैदियों को छोड़ा जाएगा। यह घटनाक्रम दोनों पक्षों के बीच मानवीय आधार पर हुई एक अहम पहल है, जिसने क्षेत्र में शांति की संभावनाओं को थोड़ी राहत दी है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय इस पूरे घटनाक्रम पर करीब से नजर बनाए हुए है और उम्मीद की जा रही है कि यह संवाद आगे भी जारी रहेगा।
