उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UP-TET) 2026 का आयोजन गुरुवार से पूरे प्रदेश में कड़े सुरक्षा इंतजामों के साथ शुरु कर दिया गया है। पहले दिन सुबह की पाली की परीक्षा शांतिपूर्ण माहौल में पूरी हुई। परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों का प्रवेश पूरी तरह से सुरक्षा मानकों के साथ कराया गया। एडमिट कार्ड की जांच के साथ बायोमेट्रिक और रेटिना स्कैन भी हुआ जिसके बाद ही परीक्षार्थियों को परीक्षा कक्ष में जाने दिया गया।
(UP-TET) 2026 को लेकर पूरे प्रदेश में के अलग-अलग जिलों में सुरक्षा व्यवस्था बेहद सख्त दिखाई दे रही है। गोरखपुर में महिला अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्र में प्रवेश से पहले चूड़ियां, पायल, हेयरपिन और गले की चेन जैसी धातु की वस्तुएं बाहर रखवा ली गईं। वहीं पुरुष अभ्यर्थियों से गमछा, बेल्ट और टोपी हटवाने के साथ शर्ट की मुड़ी हुई आस्तीन भी खुलवाकर देखी गई। वहीं, हाथरस में कई छात्राओं से बालों का जूड़ा खुलवाकर जांच की गई जबकि प्रयागराज में जूते और मोजे उतरवाकर सुरक्षा जांच पूरी की गई। देवरिया जिले में परीक्षा में शामिल होने वाले सैकड़ों पुलिसकर्मी भी अभ्यर्थियों के रूप में परीक्षा दे रहे हैं।
तीन दिन तक चलेगी परीक्षा
UP-TET 2026 का आयोजन 2 से 4 जुलाई तक किया जा रहा है। दूसरी पाली की परीक्षा दोपहर 2:30 बजे से शाम 5 बजे तक होगी। राज्य के 60 जिलों में बनाए गए 955 परीक्षा केंद्रों पर कुल 19.94 लाख अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हो रहे हैं। इनमें लगभग 17.67 लाख उत्तर प्रदेश के निवासी हैं जबकि करीब 2.27 लाख अभ्यर्थी अन्य राज्यों से परीक्षा देने पहुंचे हैं। इसके अलावा लगभग 1.86 लाख सेवारत शिक्षक भी इस परीक्षा का हिस्सा हैं।
नकल ने होने के लिए अपनाए गए आधुनिक तरीके
परीक्षा को पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी बनाए रखने के लिए आयोग ने कई तकनीकी उपाय लागू किए हैं। प्रश्नपत्रों को रंग-कोड वाले विशेष बॉक्स में सुरक्षित रखा गया है जिन पर वन-टाइम डिजिटल लॉक लगाए गए हैं। इन बॉक्सों को परीक्षा शुरू होने से केवल 45 मिनट पहले ही खोला जा रहा है। साथ ही सुरक्षा एजेंसियों और स्थानीय प्रशासन को लगातार सतर्क रखा गया है ताकि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या पेपर लीक जैसी घटनाओं पर पूरी तरह रोक लगाई जा सके।