डिजिटल कंटेंट के दौर में शॉर्ट वीडियो प्लेटफॉर्म्स तेजी से लोकप्रिय हो रहे हैं। खासकर यूट्यूब शॉर्ट्स और इंस्टाग्राम रील्स ने लाखों क्रिएटर्स को नई पहचान दी है। लेकिन सबसे बड़ा सवाल यही है कि इन दोनों में से किस प्लेटफॉर्म पर ज्यादा कमाई होती है।
यूट्यूब शॉर्ट्स फिलहाल इंस्टाग्राम रील्स से आगे
विशेषज्ञों के अनुसार, अगर सीधे कमाई की बात करें तो यूट्यूब शॉर्ट्स फिलहाल इंस्टाग्राम रील्स से आगे माना जाता है। इसकी सबसे बड़ी वजह है यूट्यूब का मजबूत मोनेटाइजेशन मॉडल। यूट्यूब क्रिएटर्स को एड रेवेन्यू शेयर करता है, जिसमें शॉर्ट्स वीडियो पर आने वाले विज्ञापनों का हिस्सा क्रिएटर्स को दिया जाता है। इसके अलावा चैनल मेंबरशिप, सुपरचैट और लंबी वीडियो से भी कमाई के कई विकल्प मौजूद हैं।
वहीं दूसरी ओर इंस्टाग्राम रील्स पर कमाई का तरीका थोड़ा अलग है। यहां क्रिएटर्स को ब्रांड डील्स, स्पॉन्सर्ड पोस्ट और प्रमोशन के जरिए ज्यादा कमाई होती है। मेटा (इंस्टाग्राम की पैरेंट कंपनी) ने कुछ देशों में बोनस प्रोग्राम शुरू किए थे, लेकिन यह हर जगह स्थायी रूप से उपलब्ध नहीं है। ऐसे में रील्स से डायरेक्ट कमाई सीमित मानी जाती है।
छोटे क्रिएटर्स भी यहां तेजी से फेमस हो सकते
हालांकि, इंस्टाग्राम की ताकत इसकी पहुंच (reach) और वायरल होने की क्षमता में है। छोटे क्रिएटर्स भी यहां तेजी से फेमस हो सकते हैं, जिससे उन्हें ब्रांड्स के साथ काम करने के मौके मिलते हैं। वहीं यूट्यूब ग्रोथ थोड़ी धीमी हो सकती है, लेकिन एक बार चैनल मोनेटाइज हो जाए तो कमाई ज्यादा स्थिर रहती है।
डिजिटल मार्केटिंग एक्सपर्ट्स का मानना है कि दोनों प्लेटफॉर्म्स का इस्तेमाल एक साथ करना सबसे बेहतर रणनीति है। इंस्टाग्राम रील्स से ऑडियंस बढ़ाकर उसे यूट्यूब पर कन्वर्ट करना कई बड़े क्रिएटर्स की सफल रणनीति रही है।
कुल मिलाकर, अगर आप डायरेक्ट और लॉन्ग-टर्म कमाई चाहते हैं तो यूट्यूब बेहतर विकल्प हो सकता है। वहीं अगर आप तेजी से फेम और ब्रांड डील्स चाहते हैं तो इंस्टाग्राम रील्स भी कम नहीं है।