उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में बारिश हो रही है। जिससे नदी-नाले उफान पर हैं। बारिश के कारण भूस्खलन की घटनाएं बढ़ रही हैं। बारिश और भूस्खलन की घटनाओं को देखते हुए पुलिस प्रशासन अलर्ट मोड में है। पुलिस प्रशासन ने लोगों से बिना वजह यात्रा न करने की अपील की है। साथ ही, नदियों के किनारों से दूर रहने को कहा गया है।
चमोली पुलिस ने हालात को देखते हुए X पर एक चेतावनी साझा की है। चमोली पुलिस ने लिखा है कि इस समय मौसम अस्थिर है। लगातार हो रही बारिश के कारण अलकनंदा नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। चमोली पुलिस नदी किनारे रहने वाले लोगों से अपील करती है कि कृपया सावधानी बरतें। चमोली पुलिस ने नदी के पास जाने से भी बचने को कहा है। चमोली पुलिस ने आपकी सुरक्षा, हमारी प्राथमिकता के मूलमंत्र को आगे रखते हुए सभी से यह अपील की है।
गौरतलब है कि राज्य में मानसून की भारी बारिश हो रही है। मानसून की बारिश लोगों के लिए आफत बनती जा रही है। पहाड़ी इलाकों में कई रास्ते बंद होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं भारी बारिश के कारण नदी-नाले उफान पर हैं और लोग जान जोखिम में डालकर नदी-नाले पार करते नजर आ रहे हैं। भारी बारिश के कारण मैदानी इलाकों में कई इलाकों में जलभराव देखने को मिल रहा है।
राज्य में मानसूनी बारिश की रफ्तार कभी धीमी तो कभी तेज हो रही है। लगातार हो रही बारिश के कारण तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है। जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिल रही है। वहीं, बारिश का असर चारधाम यात्रा पर भी पड़ रहा है। चारधाम यात्रा मार्ग पर कई जगहों पर भूस्खलन हो रहा है। जिसके बाद प्रशासन यात्रियों को रोककर सुरक्षित होने पर आगे की यात्रा पर भेज रहा है।
वहीं, अगर पंचायत चुनाव की बात करें तो कल इस पर भी असर पड़ सकता है। राज्य में 28 जुलाई को दूसरे चरण का मतदान होना है। राज्य के पहाड़ी इलाकों में दूसरे चरण में गांव की सरकार के लिए वोट डाले जाने हैं। ऐसे में अगर पहाड़ों में बारिश होती है तो चुनाव आयोग की चुनावी योजना बिगड़ सकती है। हालाँकि, पहले चरण के मतदान के दिन बारिश का अलर्ट था। इस दिन राज्य के कुछ हिस्सों को छोड़कर, सभी जगह मतदान ठीक-ठाक रहा। कल के लिए भी ऐसी ही उम्मीदें जताई जा रही हैं।














