Wednesday, February 18, 2026
HomeCurrent Newsप्रदेश में 45.90 मेगावाट क्षमता के 9,600 से अधिक रूफटॉप सोलर सिस्टम...

प्रदेश में 45.90 मेगावाट क्षमता के 9,600 से अधिक रूफटॉप सोलर सिस्टम लगाए गए

एमएच वन ब्यूरो, चंडीगढ़ : हरियाणा में अब तक 45.90 मेगावाट की संयुक्त क्षमता के 9,600 से अधिक रूफटॉप सोलर सिस्टम लगाए जा चुके हैं। सरकार द्वारा सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से लाभार्थियों को अब तक 52.54 करोड़ की सब्सिडी वितरित की गई है। यह जानकारी मुख्य सचिव डॉ. विवेक जोशी की अध्यक्षता में प्रधानमंत्री सूर्य घर-मुफ्त बिजली योजना की समीक्षा के लिए बुलाई गई राज्य स्तरीय समन्वय समिति की बैठक में दी गई।

बैठक के दौरान बताया गया कि राज्य सरकार सरकारी भवनों में सौर ऊर्जा संयंत्र लगाने पर ध्यान केंद्रित कर रही है। लोक निर्माण (भवन एवं सड़कें) विभाग द्वारा सरकारी संपत्तियों के डेटा प्रबंधन को सुचारू बनाने के लिए एक केंद्रीकृत पोर्टल विकसित किया जा रहा है। इसी कड़ी में 3,000 से अधिक भवनों के स्थल सर्वेक्षण पूरा हो चुका है, जिनमें 91.78 मेगावाट की संभावित सौर ऊर्जा उत्पादन क्षमता की पहचान की गई है।

इसके अलावा, नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा विभाग द्वारा कैपेक्स मॉडल के तहत 8.4 मेगावाट ग्रिड से जुड़ी रूफटॉप सौर परियोजना के लिए बोलियां आमंत्रित की गई हैं। सरकार द्वारा, नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय द्वारा वित्त पोषित सोलर मॉडल गांवों की भी पहचान की जा रही है, जो ग्रामीण क्षेत्रों में सौर ऊर्जा की परिवर्तनकारी क्षमता को प्रदर्शित करेंगे। एक अनूठी पहल के तहत, हरियाणा सरकार द्वारा प्रतिस्पर्धी चुनौती के माध्यम से गांवों को सौर ऊर्जा अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। इसके तहत प्रत्येक जिले में सबसे अधिक सौर ऊर्जा अपनाने वाले गांव को मॉडल सोलर विलेज के तौर पर नामित किया जा रहा है।

बैठक के दौरान मुख्य सचिव डॉ. विवेक जोशी ने कहा कि प्रधानमंत्री सूर्य घर-मुफ्त बिजली योजना के लक्ष्यों को हासिल करने में बैंकों का महत्वपूर्ण योगदान है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस प्रक्रिया में बैंकों को सक्रिय रूप से शामिल किया जाए ताकि लाभार्थियों को ऋण की सुचारू सुविधा मिल सके। बैठक में बताया गया कि प्रदेश में सौर प्रणाली की स्थापना के लिए उद्योगोन्मुखी पाठ्यक्रम के साथ आईटीआई में 2,700 से अधिक छात्रों को प्रशिक्षित किया गया है। इसके अलावा, राज्य में जमीनी स्तर पर स्थापना प्रक्रिया को और अधिक सुचारू बनाने के लिए 100 आईटीआई मास्टर ट्रेनर भी हैं।

उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू की गई प्रधानमंत्री सूर्य घर- मुफ्त बिजली योजना का उद्देश्य देश में 1 करोड़ घरों को मुफ्त बिजली मुहैया करवाना है। इसके तहत घरेलू श्रेणी के बिजली उपभोक्ताओं को केंद्रीय वित्तीय सहायता (सीएफए) के अलावा, राज्य सरकार द्वारा भी अंत्योदय परिवारों को ‘पहले आओ पहले पाओ’ के आधार पर राज्य वित्तीय सहायता (एसएफए) प्रदान की जा रही है। इस योजना का उद्देश्य गांवों में हरित और स्वच्छ ऊर्जा तक पहुंच विकसित करना और बिजली बिलों पर पैसे की बचत के साथ-साथ ग्रामीण समुदायों को अपनी ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में आत्मनिर्भर बनाना है।

बैठक में ऊर्जा विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव अपूर्व कुमार सिंह, दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम के प्रबंध निदेशक ए श्रीनिवास और उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम के प्रबंध निदेशक अशोक कुमार मीणा समेत पंजाब नेशनल बैंक के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments