Delhi : तुर्कमान गेट हिंसा मामला: दो और आरोपित गिरफ्तार, कुल संख्या 20 पहुंची
दोनों की गिरफ्तारी के साथ ही इस मामले में अब तक कुल 20 आरोपितों को गिरफ्तार किया जा चुका है। मध्य जिला के उपायुक्त निधिन वाल्सन ने बताया कि तुर्कमान गेट में पत्थरबाजी और हिंसा के मामले में दो अन्य पत्थरबाजों को पकड़ लिया गया है। पुलिस इंटरनेट मीडिया पर भड़काऊ भूमिका निभाने वाले इन्फ्लुएंसर्स की भी पहचान कर उन्हें गिरफ्तार करने के प्रयास कर रही है।
दिल्ली के तुर्कमान गेट स्थित दरगाह फैज-ए-इलाही के आसपास अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान हुई हिंसा और बलवा मामले में पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी है। मंगलवार को पुलिस ने उपद्रव में शामिल दो और आरोपितों को गिरफ्तार किया है। इनकी पहचान तुर्कमान गेट निवासी मोहम्मद इमरान और सीताराम बाजार निवासी अदनान के रूप में हुई है।
दोनों की गिरफ्तारी के साथ ही इस मामले में अब तक कुल 20 आरोपितों को गिरफ्तार किया जा चुका है। मध्य जिला के उपायुक्त निधिन वाल्सन ने बताया कि तुर्कमान गेट में पत्थरबाजी और हिंसा के मामले में दो अन्य पत्थरबाजों को पकड़ लिया गया है। पुलिस इंटरनेट मीडिया पर भड़काऊ भूमिका निभाने वाले इन्फ्लुएंसर्स की भी पहचान कर उन्हें गिरफ्तार करने के प्रयास कर रही है।
गौरतलब है कि नगर निगम की टीम जब पुलिस बल के साथ तुर्कमान गेट में अतिक्रमण हटाने पहुंची थी, तभी उपद्रवियों ने अचानक पुलिस पर पथराव और हमला कर दिया। इस दौरान चांदनी महल थाना प्रभारी समेत पांच पुलिसकर्मी घायल हो गए थे।
पुलिस के अनुसार, इस हिंसा में करीब 150 से 200 उपद्रवी शामिल थे। अब तक 60 से अधिक संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा चुकी है, जबकि 20 लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। पुलिस अन्य फरार आरोपितों की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।
सोशल मीडिया पोस्ट से भड़की भीड़
दिल्ली पुलिस के अनुसार, सोशल मीडिया पर एक पोस्ट वायरल की गई, जिसमें दावा किया गया कि तुर्कमान गेट के सामने स्थित मस्जिद को अतिक्रमण विरोधी कार्रवाई के दौरान गिराया जा रहा है। इस भ्रामक सूचना के बाद बड़ी संख्या में लोग मौके पर इकट्ठा होने लगे। पुलिस का कहना है कि करीब 150 से 200 लोग अतिक्रमण हटाने गए सरकारी अमले पर पत्थरबाजी में शामिल थे।
पुलिस ने पहले ही की थी शांति व्यवस्था की कोशिश
सेंट्रल रेंज के संयुक्त पुलिस आयुक्त मधुर वर्मा ने बताया कि तोड़फोड़ अभियान से पहले शांति बनाए रखने और किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए अमन कमेटी के सदस्यों और अन्य स्थानीय हितधारकों के साथ कई समन्वय बैठकें की गई थीं। सभी संभावित निवारक और विश्वास-निर्माण उपाय अपनाए गए थे।
हालांकि, अधिकारियों के अनुसार कुछ शरारती तत्वों ने जानबूझकर पत्थरबाजी कर माहौल बिगाड़ने की कोशिश की। पुलिस ने स्थिति को “मापी हुई और न्यूनतम बल के प्रयोग” से तुरंत नियंत्रण में लिया फिलहाल मामले में आरोपितों की पहचान कर गिरफ्तारी की कार्रवाई जारी है और पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है।
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