ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई के निधन की खबर सामने आने के बाद कई देशों में अमेरिका विरोधी प्रदर्शन भड़क उठे हैं। इसी कड़ी में पाकिस्तान से बड़ी और चिंताजनक खबर सामने आई है। पाकिस्तान के प्रमुख शहर कराची में हालात अचानक तनावपूर्ण हो गए, जहां गुस्साए प्रदर्शनकारियों ने पहले जोरदार विरोध प्रदर्शन किया और बाद में हिंसा पर उतर आए।
जानकारी के मुताबिक, प्रदर्शनकारियों की भीड़ ने अमेरिका के खिलाफ नारेबाजी करते हुए संयुक्त राज्य अमेरिका दूतावास की ओर मार्च किया। देखते ही देखते स्थिति बेकाबू हो गई और भीड़ ने दूतावास परिसर में तोड़फोड़ शुरू कर दी। कुछ उपद्रवियों ने इमारत में आगजनी भी कर दी, जिससे इलाके में अफरातफरी मच गई। घटना की सूचना मिलते ही भारी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंचा और हालात काबू करने की कोशिश की।
8 लोगों की मौत
पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पहले चेतावनी दी, लेकिन जब प्रदर्शनकारी उग्र हो गए और पत्थरबाजी शुरू कर दी, तब पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े और लाठीचार्ज किया। इस झड़प में कई लोग घायल हुए हैं। घायलों को तुरंत एंबुलेंस के जरिए सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया। स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पुलिस की जवाबी कार्रवाई के दौरान आठ प्रदर्शनकारियों की मौत होने का दावा किया जा रहा है, हालांकि प्रशासन की ओर से अभी तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
घटना का वीडियो वायरल
घटना के बाद पूरे कराची में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है। दूतावास के आसपास सुरक्षा कड़ी कर दी गई है और अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। सोशल मीडिया पर घटना से जुड़े कई वीडियो वायरल हो रहे हैं, जिनमें प्रदर्शनकारी खामेनेई की तस्वीरें लेकर अमेरिका के खिलाफ नारे लगाते दिखाई दे रहे हैं।
सिंध प्रांत के गृह मंत्री ने मामले का संज्ञान लेते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से विस्तृत रिपोर्ट तलब की है। प्रशासन का कहना है कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर जरूरी कदम उठाए जाएंगे। फिलहाल शहर में तनाव का माहौल बना हुआ है और लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की जा रही है।