प्रसिद्द अभिनेत्री प्राची तेहलान (Prachi Tehlan) यकायक एक बार फिर खेल की दुनिया से जुड़ गई हैं। हाल ही में दिल्ली ओलंपिक एसोसिएशन ने प्राची तेहलान को अपना एसोसिएट वाइस प्रेसिडेंट नियुक्त किया है। कभी नेटबॉल और बास्केटबॉल की नामी खिलाड़ी और कप्तान रहीं प्राची 2010 के राष्ट्रमंडल खेलों में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। लेकिन अचानक उनकी ज़िंदगी में ऐसा मोड़ आया कि वह अभिनय की दुनिया में पहुँच गईं।
देखते ही एक खूबसूरत अभिनेत्री की होती है अनुभूति
असल में प्राची (Prachi Tehlan) का व्यक्तित्व शुरू से इतना आकर्षित है कि उन्हें एक नजर देखते ही एक खूबसूरत अभिनेत्री की अनुभूति होती है। उनके चेहरे में एक अद्दभुत कशिश है। इसीलिए प्राची को अभिनय के प्रस्ताव मिलने लगे। तभी जब प्राची (Prachi Tehlan) को स्टार प्लस के लोकप्रिय सीरियल ‘दीया और बाती’ में आरजू की भूमिका के लिए प्रस्ताव आया तो वह दिल्ली से मुंबई शिफ्ट हो गईं।
सीरियल के साथ कई भाषाओं की फिल्मों में काम
इसके बाद तो प्राची (Prachi Tehlan) को पहले जहां ‘अर्जन’ और ‘बैलारस’ जैसी पंजाबी फिल्में मिलीं तो तभी स्टार प्लस (Star Plus) के एक सीरियल ‘इक्यावन’ में तो प्राची को नायिका सुशील पारेख की प्रमुख भूमिका के लिए चुन लिया गया। इसके बाद उन्हें तमिल, तेलुगु और मलयालम की फिल्मों में काम मिलने लगा। जिनमें तेलुगु में उनका एक संगीत वीडियो ‘थेनेला वनाला’ तो बेहद लोकप्रिय हुआ ही। फिर दक्षिण फिल्मों के सुपर स्टार ममूटी के साथ फिल्म ‘ममंगम’ मिलने से तो प्राची (Prachi Tehlan) दक्षिण सिनेमा की चर्चित अभिनेत्री बन गईं। पिछले दिनों भोजपुरी एल्बम ‘होलरिया’ में जब प्राची का मनोज तिवारी (Manoj Tiwari) के साथ आगमन हुआ तो यहाँ भी उनके काम को काफी पसंद किया गया।
मेरे मन से खेल कभी दूर नहीं होगा- प्राची
‘इक्यावन’ के प्रसारण के दौरान दिल्ली के इंपीरियल होटल में प्राची (Prachi Tehlan) के साथ मुझे वह मुलाकात आज भी याद है जब प्राची ने कहा था-‘’समय आपको कब कहाँ ले जाए कुछ पता नहीं। आज मेरे पास काम है लेकिन कल भी काम रहेगा नहीं जानती। मैं बचपन में पायलट बनने का सपना देखती थी। लेकिन अशोक विहार के अपने मॉंटफोर्ट स्कूल में जब एक दिन बास्केटबॉल खेलना शुरू किया तो मेरी दिलचस्पी खेलों में हो गई। यूं मैं बैडमिंटन भी खेलती रही हूँ। लेकिन बास्केटबॉल में कप्तान बनने और राष्ट्रमंडल तथा एशियाई खेलों में भारत का प्रतिनिधित्व करने के साथ देश को पदक दिलाकर मुझे जो गर्व हुआ उसको मैं शब्दों में व्यक्त नहीं कर सकती। सच कहूँ तो खेल के मैदान से मैं चाहे दूर भी रहूँ लेकिन मेरे मन से खेल कभी दूर नहीं होगा।
फिर से खेल की दुनिया से जुड़ गई हैं प्राची
अब देखिए प्राची (Prachi Tehlan) फिर से खेल की दुनिया से जुड़ गई हैं। दिल्ली में आयोजित दिल्ली ओलंपिक संघ की मीटिंग में प्राची (Prachi Tehlan) को एसोसिएट वाइस प्रेसिडेंट चुना तो वह कोच्चि में अपनी शूटिंग रोककर तुरंत दिल्ली पहुंचीं। दिल्ली पहुँच इस निर्णय के लिए प्राची ने अध्यक्ष सरोज शर्मा सीईओ कुलदीप वत्स, मुख्य संरक्षक अतुल जैन और संरक्षक संजीव शर्मा का आभार व्यक्त किया। साथ ही कहा-“खेल मेरी ज़िंदगी की नींव रहा है। इसने मुझे अनुशासन, साहस और लगातार काम करना सिखाया है। अब मैं युवा एथलिटस के लिए अच्छे मौके बनाने में योगदान देने के लिए उत्सुक हूँ।” प्राची (Prachi Tehlan) तुमको अपनी इस नई उपलब्धि के लिए बहुत बहुत बधाई और शुभकामनाएं।

