‘बिल लाओ, इनाम पाओ’, सरकारी राजस्व की चोरी रोकने में मददगार साबित हो रही है यह योजना

‘बिल लाओ, इनाम पाओ’, सरकारी राजस्व की चोरी रोकने में मददगार साबित हो रही है यह योजना

राज्य कर मानसा विभाग के सहायक आयुक्त हितेशवीर गुप्ता ने जानकारी देते हुए बताया कि आम जनता को सामान खरीदने के बाद बिल लेने के लिए प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से सितंबर 2023 से ‘बिल लाओ, इनाम पाओ’ योजना शुरू की गई थी।

यह योजना सार्वजनिक स्थानों पर स्टैंडिंग बोर्ड, सोशल मीडिया और स्कूलों और कॉलेजों में सेमिनारों के माध्यम से की गई थी। जिसके परिणामस्वरूप इस योजना को आम जनता से बहुत अच्छा प्रतिसाद मिला।

उन्होंने बताया कि ऐप पर अपलोड की गई खरीद-बिक्री के बिलों और अन्य सूचनाओं की मदद से वे डीलर पिछले कई महीनों से इस कार्यालय द्वारा बेचे गए माल के कच्चे बिल काटकर उन व्यापारियों का डेटा और रिटर्न चेक चुरा रहे थे।

नोटिस जारी कर उचित कार्रवाई करते हुए बकाया टैक्स व जुर्माना वसूला गया है। उन्होंने कहा कि इसके अलावा इस ऐप के माध्यम से कई अपंजीकृत डीलरों का भी पता चला कि वे जी.एस.टी. अधिनियम के तहत पंजीकरण के दायरे में आते थे।

लेकिन उन्होंने जीएसटी का भुगतान नहीं किया। पंजीयन प्राप्त नहीं किया गया, ऐसे डीलरों को जी.एस.टी. एक्ट-2017 के उल्लंघन पर नोटिस जारी है।

उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार द्वारा शुरू की गई ‘बिल लियाओ, इनाम पाओ’ योजना लोगों को सामान खरीदने के बाद डीलरों से बिल लेने के लिए प्रोत्साहित करने की एक विशेष पहल है।

इस योजना के तहत उपभोक्ताओं द्वारा इस ऐप पर अपलोड किए गए बिल से हर महीने 1 लाख रुपये तक का नकद पुरस्कार ड्रॉ के माध्यम से दिया जा रहा है।

इस योजना का लाभ कई उपभोक्ताओं ने उठाया है। यह योजना उपभोक्ताओं को सामान की खरीद के समय डीलरों से बिल प्राप्त करने के लिए जागरूक कर रही है।

बिल अपलोड कर आम जनता इनाम में भागीदार बन रही है और सरकारी राजस्व की चोरी रोकने में भी मददगार साबित हो रही है।