वॉशिंगटन अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि कतर इतिहास में लंबे समय से आतंकवाद का वित्त पोषण करता आया है. उन्होंने इस छोटे से खाड़ी देश और अन्य देशों से कहा कि वे आतंक का वित्त पोषण तत्काल बंद करें. रोमानिया के राष्ट्रपति क्लॉस जोहानिस के साथ व्हाइट हाउस के रोज गार्डन में संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में संवाददाताओं से ट्रंप ने कहा, ‘आतंकवाद का वित्त पोषण बंद करें, हिंसा का पाठ पढ़ाना बंद करें, हत्याएं करना बंद करें. ट्रंप ने आरोप लगाया कि आतंकवाद का सबसे ज्यादा वित्त पोषण कतर कर रहा है. ट्रंप की ये टिप्पणियां ऐसे समय आई हैं

अस्ताना यहां शंघाई कोऑपरेशन ऑर्गनाइजेशन (SCO) की शुक्रवार को मीटिंग हुई. इस मीटिंग में नरेंद्र मोदी और नवाज शरीफ एक साथ मंच पर दिखे. मोदी ने अपनी स्पीच में भारत को मेंबरशिप देने के लिए सभी एससीओ मेंबर्स का आभार जताया. मोदी ने आतंकवाद का मुद्दा उठाया, लेकिन एक भी बार पाकिस्तान का जिक्र नहीं किया. उधर, नवाज शरीफ ने 2 बार भारत का नाम लिया और बधाई दी. दोनों देशों को इस बार एससीओ में मेंबरशिप दी गई है. बता दें कि 6 देशों के इस संगठन की शुरुआत 2001 में हुई थी. 2015 में रूस के उफा में एससीओ समिट हुई

ब्रिटेन की राजधानी लंदन में हुए एक के बाद एक हमलों की जिम्मेदारी कुख्यात आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट (IS) ने ली है. इन हमलों में 7 लोग मारे गए और कई लोग घायल हुए हैं. आपको बता दें कि शनिवार को लंदन हमले को इस्लामिक स्टेट के सेनानियों की एक टुकड़ी ने अंजाम दिया. इन हमलों के बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई करते हुए न सिर्फ 3 संदिग्धों को मार गिराया, बल्कि 14 लोगों को गिरफ्तार भी किया है. मौके पर मौजूद चश्मदीद ने बताया कि वैन की रफ्तार 50 मील से ज्यादा की थी. हमलावरों ने हमला करने से पहले

रियाद अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने कहा है कि भारत ने आतंकवाद के कारण काफी कुछ सहा है. ट्रंप ने भारत को आतंकवाद से पीड़ित बताया. सऊदी अरब में आयोजित अरब-इस्लामिक US सम्मेलन में बोलते हुए ट्रंप ने यह बात कही. उन्होंने सभी देशों से अपील की है कि वे अपने यहां किसी भी आतंकवादी संगठन को शरण न दें. ट्रंप ने सभी देशों से कहा कि वे अपनी जमीन को आतंकियों के लिए सुरक्षित पनाहगाह न बनने दें. ट्रंप पहली बार विदेशी दौरे पर निकले हैं. सऊदी के बाद वह इजरायल और इटली भी जाएंगे. रविवार को अरब के इस्लामिक देशों

पाकिस्तान ने विवादित सैन्य अदालतों द्वारा आतंकवाद मामले में दोषी करार दिए गए चार कट्टर तालिबानी आतंकियों को बुधवार को फांसी पर लटका दिया. आपको बता दें कि 2014 में पेशावर हमले के मामले में लिप्त 160 आतंकियों को अब तक मौत की सजा दी जा चुकी है. प्रतिबंधित गुटों के इन आतंकियों को खैबर पख्‍तूनवा के जेल में ही मौत की सजा दी गयी. खैबर पख्‍तूनवा तालिबानी आतंकियों के कारण बुरी तरह से प्रभावित है. आर्मी ने बताया, ‘आतंक, निर्दोषों की हत्‍या, शिक्षण संस्थानों का विनाश, पाकिस्‍तानी सुरक्षा बलों और कानून प्रर्वतन एजेंसियों पर हमले से संबंधित गंभीर अपराधों के

व्हाइट हाउस ने कहा है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप चाहते हैं कि आतंकवाद से निपटने के लिए नाटो के सदस्य देश ज़्यादा बड़े प्रयास करें, और साथ ही वह यह भी चाहते हैं कि सदस्य देश ज़्यादा से ज़्यादा आर्थिक सहयोग करें. व्हाइट हाउस के प्रेस सचिव सीन स्पाइसर ने दैनिक संवाददाता सम्मेलन में कहा, "नाटो के लिए पूरे सम्मान के साथ, एक तो वह (डोनाल्ड ट्रंप) आतंकवाद से निपटने के लिए ज़्यादा बड़े प्रयास होते हुए देखना चाहते हैं और दूसरा वह चाहते हैं कि जो देश आर्थिक सहायता के लिए सहमत हुए थे, उसे वे पूरा करें. डोनाल्ड ट्रंप

लाहौर मुंबई हमले का मास्टरमाइंड हाफिज सईद आतंकवादी है और उसके साथी अपने संगठन जमात-उद-दावा के सहारे जिहाद के नाम पर आतंकवाद फैला रहे. यही वजह है कि पाकिस्तान सरकार ने हाफिज सईद और उसके साथियों के खिलाफ जिहाद के नाम पर आतंकवाद फैलाने के आरोप में हिरासत में रखा है. यह स्वीकारोक्ति खुद पाकिस्तान की है. पाकिस्तान के आंतरिक मामलों के मंत्रालय ने लाहौर में न्यायिक समीक्षा बोर्ड के सामने पेश सईद के बारे में अपनी यह दलील रखी. लौहार कोर्ट में पेशी के दौरान सईद ने कोर्ट से गुहार लगाई थी कि पाकिस्तानी सरकार ने उसे कश्मीर के लोगों के