पंजाब शिक्षा विभाग ने स्कूल एजुकेशन बोर्ड के 10वीं और 12वीं के खराब नतीजों को लेकर 200 टीचर्स को नोटिस भेजा है। कॉन्ट्रैक्ट पर नियुक्त गणित, इंग्लिश और साइंस के इन टीचर्स से शिक्षा विभाग ने कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। अगर ये टीचर्स शिक्षा विभाग को संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए तो इन टीचर्स का कॉन्ट्रैक्ट रद्द किया जा सकता है।

शिक्षकों और गैर शिक्षकों को अब धरना-प्रदर्शन करने के लिए कैजुअल लीव (सीएल) नहीं मिलेगी। उच्च शिक्षा निदेशालय ने 27 मई को शिक्षकों द्वारा किए गए विधानसभा के घेराव के बाद सख्ती बरतते हुए सभी स्कूल प्रिंसिपलों को निर्देश जारी करते हुए सरकार के खिलाफ प्रदर्शन के लिए शिक्षकों को कैजुअल लीव देने से इंकार कर दिया है। हाल ही में शिक्षा निदेशक डॉ. बीएल बिंटा की ओर से जारी आदेशों में स्पष्ट किया गया है कि अगर शिक्षकों या गैर शिक्षकों ने अन्य कार्यों के लिए भी कैजुअल लीव लेनी है तो उस विशेष परिस्थिति का उल्लेख करना होगा। अगर

शिक्षा विभाग ने पंजाब के स्कूलों में महिला टीचर्स के पहनावे पर फरमान जारी किया है। अब से पंजाब के स्कूलों में अध्यापिकाएं जींस-टीशर्ट में नहीं दिखा करेंगी। जींस-टीशर्ट को शिक्षकों के लिए स्कूलों में बैन कर दिया गया है। इसके लिए बकायदा शिक्षा विभाग ने फरमान जारी कर दिया है। ये फरमान पंजाब के सरकारी स्कूलों के लिए जारी हुआ है। फरमान में कहा गया है कि महिलाओं को सादा कपड़े पहनकर विद्यार्थियों के लिए रोल मॉडल बनना है। विभागीय सूत्रों के अनुसार 2 नवंबर 2012 को भी शिक्षा विभाग ने स्कूल अध्यापकों के लिए ड्रेस कोड लगाया था, लेकिन उसे