अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भले ही रक्षा बंधन के त्योहार के बार में कुछ भी नहीं जानते हों, लेकिन हरियाणा के एक मुस्लिम बहुल गांव की महिलाओं ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को 1,001 राखियां भेजी हैं. एक एनजीओ ने इस गांव का नाम प्रतीकात्मक रूप से ट्रंप के नाम पर रखा है. गांव को गोद लेने वाले एनजीओ ने कहा कि पिछड़े नूंह क्षेत्र के मरोरा गांव के लोगों का यह कदम भारत और अमेरिका के बीच रिश्तों के और मजबूत होने की भावना को व्यक्त करता है. एनजीओ की उपाध्यक्ष मोनिका जैन ने कहा कि गांव की छात्राओं ने

पब्लिक सेक्टर की टेलीकॉम कंपनी बीएसएनएल अपने ग्राहकों के लिए राखी के मौके पर जबरदस्त प्लान लेकर आई है. कंपनी के इस प्लान का नाम ‘राखी पे सौगात’ है. इस प्लान की कीमत 74 रुपये है. जिसमें अनलिमिटेड वॉयस कॉल के साथ 1 जीबी डेटा मिल रहा है. इस प्लान को कंपनी 3 अगस्त से लॉन्च कर रही है जो 12 दिनों तक रहेगा. 74 रुपये वाले इस प्लान की वैलि़डिटी पांच दिन होगी. जिसमें आप किसी भी नेटवर्क पर अनलिमिटेड कॉलिंग और डेटा मिलेगा. बीएसएनएल के बोर्ड डायरेक्टर आर के मित्तल ने बताया कि ”कंपनी ने कई कॉम्बो वाउचर उतारे

परंपरागत कपास के धागे से बनाई गई राखियों पर जीएसटी नहीं लगेगा। वहीं गोल्ड और सिल्वर से बनी राखी पर 5% जीएसटी लगाया जाएगा। वित्त मंत्रालय ने कहा कि कलावा सहित पूजा सामग्री पर जीएसटी नहीं लगेगा और कलावा के रूप वाली राखी पर भी यही छूट दी जाएगी। मंत्रालय ने कहा कि बनाने में इस्तेमाल सामग्री के आधार पर राखी का वर्गीकरण होगा और उसी के मुताबिक उस पर जीएसटी लगेगा। सेंट्रल बोर्ड ऑफ एक्साइज एंड कस्टम्स ने इंडस्ट्री और पब्लिक की ओर से उठाए गए सवालों के जवाब में ये स्पष्टीकरण जारी किए। उसने यह भी स्पष्ट किया कि