पंजाब शिक्षा विभाग ने स्कूल एजुकेशन बोर्ड के 10वीं और 12वीं के खराब नतीजों को लेकर 200 टीचर्स को नोटिस भेजा है। कॉन्ट्रैक्ट पर नियुक्त गणित, इंग्लिश और साइंस के इन टीचर्स से शिक्षा विभाग ने कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। अगर ये टीचर्स शिक्षा विभाग को संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए तो इन टीचर्स का कॉन्ट्रैक्ट रद्द किया जा सकता है।

एक ओर जहां पंजाब स्कूल एजुकेशन बोर्ड PSEB 10वीं क्लास के नतीजे घोषित खराब आने के बाद मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने नाराजगी जाहिर की है और साथ ही उन्होंने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए शिक्षा मंत्री को शिक्षा का स्तर ऊंचा उठाने के लिए प्रारूप तैयार करने की सख्त हिदायत दी गई है तो दूसरी ओर सवालों के घेरे में पंजाब शिक्षा बोर्ड आ गया है. शिक्षा बोर्ड की मुश्किलें बढ़ाता तरनतारन के खेमकरण से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है दरअसल यहां एक कन्या हाईस्कूल के दसवीं के नतीजे चौंकाने वाले है. इस स्कूल में 64 छात्राओं ने

पंजाब स्कूल एजुकेशन बोर्ड की 10वीं क्लास की परीक्षा का रिजल्ट घोषित कर दिया है। रिजल्ट 57.50 फीसदी रहा। हर बार की तरह इस बार भी दसवीं कक्षा में लड़कियों ने ही बाजी मारी है। परीक्षा में इस बार 3 लाख 30 हजार 437 स्टूडेंट्स अपीयर हुए थे जिनमें 1 लाख 90 हजार 001 स्टूडेंट्स पास हुए हैं। स्‍टूडेंट्स अपना रिजल्‍ट बोर्ड की ऑफिशियल वेबसाइट pseb.ac.in पर चेक कर सकते हैं। बता दें कि पंजाब में इस साल हुए विधानसभा चुनाव के कारण बोर्ड की परीक्षा में देरी हुई थी। इस साल बोर्ड ने 10वीं क्लास के एग्जाम 14 मार्च से 29 मार्च तक