बीजिंग भारत के कड़े विरोध के बीच चीन के बीजिंग में रविवार को 'वन बेल्ट वन रोड' प्रोजेक्ट समिट शुरू हो गया, जो दो दिन तक चलेगा. इसमें 29 देशों के राष्ट्राध्यक्ष, संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरस, विश्व बैंक के प्रेसिडेंट जिम योंग किम, अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष की मैनेजिंग डायरेक्टर क्रिस्टीन लगार्ड के अलावा 130 देशों के अधिकारी, उद्योगपति, फाइनेंसर और पत्रकार हिस्सा ले रहे हैं. रविवार को चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने वन बेल्ट वन रोड फोरम का उद्घाटन किया. दुनिया भर से आए 1,500 प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए उन्होंने वन बेल्ट वन रोड इनिशिएटिव को 'प्रोजेक्ट ऑफ द

दिल्ली सोमवार से शुरू होने जा रहे चीन के 'वन बेल्‍ट वन रोड' सम्‍मेलन में भारत के शामिल होने की संभावना नहीं है. इस बात की पुष्टि कुछ अधिकारिक सूत्रों ने की है. जानकारी के मुताबिक भारत इस सम्‍मेलन में अपने किसी भी प्रतिनिधि को उसमें हिस्‍सा लेने के लिए नहीं भेजेगा. यानी कि चीन के अन्‍य देशों के साथ मिलकर पोर्ट, रेलवे और सड़क के संपर्क विकसित करने की महत्‍वाकांक्षी योजना का पूरी तरह से बहिष्‍कार करने का फैसला भारत ने कर लिया है. बता दें कि इस प्रोजेक्‍ट का एक हिस्‍सा पाक अधिकृत कश्‍मीर (पीओके) से होकर गुजरता है. इसे चीन