बीजिंग चीन एक बार फिर भारत के परमाणु आपूर्तिकर्ता समूह (एनएसजी) की सदस्‍यता की राह में रोड़ा बनता नजर आ रहा है. चीन ने सोमवार को कहा कि एनएसजी में भारत की सदस्यता की प्रक्रिया 'नई परिस्थितियों' के तहत 'अधिक जटिल' बन गई है, क्योंकि नई दिल्‍ली ने परमाणु अप्रसार संधि (NPT) पर दस्तखत नहीं किए हैं. चीन ने कहा कि एनपीटी पर हस्ताक्षर नहीं करने वाले सभी देशों के साथ समान तरीके से बर्ताव किया जाना चाहिए. चीन हमेशा से 48 देशों की सदस्यता वाले एनएसजी समूह में भारत की सदस्यता का विरोध करता रहा है. एनएसजी में किसी नए सदस्य

दिल्ली अपने 'करीबी दोस्त' रूस को चेतावनी देते हुए भारत ने कहा है कि अगर उसे परमाणु आपूर्तिकर्ता समूह (NSG) की सदस्यता नहीं मिल पाती है तो वह परमाणु ऊर्जा विकास के अपने कार्यक्रम में विदेशी पार्टनर्स से सहयोग करना बंद कर देगा. भारत ने साफ कह दिया है कि ऐसी स्थिति में वह रूस के साथ कुडनकुलम परमाणु ऊर्जा परियोजना की 5वीं और 6वीं रिऐक्टर यूनिट्स को विकसित करने से जुड़े MoU को ठंडे बस्ते में डाल सकता है. दरअसल, भारत को महसूस हो रहा है कि चीन से नजदीकियां बढ़ा रहा रूस भारत को एनएसजी सदस्यता दिलवाने के लिए अपनी 'क्षमताओं'

उत्तर प्रदेश में नई सरकार के गठन के बाद वीवीआईपी लोगों की सुरक्षा में बदलाव किया गया है. सत्ता से बाहर हुए कई नेताओं की सुरक्षा में कटौती की गई है. पिछली सपा सरकार में मंत्री आजम खान की सुरक्षा को जेड श्रेणी से घटाकर वाई श्रेणी का कर दिया गया है. साथ ही बीजेपी सांसद विनय कटियार की सुरक्षा को जेड श्रेणी की सुरक्षा मुहैया कराई गई है. योगी सरकार की सुरक्षा समिति की बैठक में ये फैसला लिया गया है. पूर्व सीएम अखिलेश यादव के चाचा और पूर्व मंत्री शिवपाल यादव की सुरक्षा जेड श्रेणी से घटाकर वाई श्रेणी