मानसरोवर यात्रा पर एक बार फिर चीन अपना अड़ंगा लगाता हुआ दिख रहा है. खबरों की मानें तो चीन लगातार इस मुद्दे पर भारत के साथ नजर बनाए हुए है. चीन का कहना है कि वह अभी इस मुद्दे पर भारत के साथ बात कर रहा है. चीन के अनुसार इस मुद्दे पर दोनों देशों के विदेश मंत्रियों में बात चल रही है. आपको बता दें कि अभी कुछ दिन पहले ही सिक्किम के नाथू-ला के पास पहुंचे मानसरोवर यात्रा के दो जत्थों को चीन के बॉर्डर से वापस लौटा दिए जाने की खबर से राजधानी दिल्ली में ठहरे हुए तीसरे

दिल्ली कैलाश मानसरोवर तीर्थयात्रा पर चीन ने अड़ंगा लगा दिया है. चीन ने श्रद्धालुओं के दो जत्थों को यात्रा की इजाजत नहीं दी है. चीन ने 81 श्रद्धालओं के दोनों जत्थों को नाथूला दर्रे से वापस लौटा दिया है, जिसके बाद से सभी श्रद्धालओं को शेरथांग के कैंप में रखा गया है. वहीं दूसरी ओर भारत सरकार ने कैलाश मानसरोवर यात्रा में रोड़ा अटकाने का मामला चीन के सामने उठाया है. बता दें कि हर साल सैकड़ों तीर्थयात्री तिब्बत स्थित कैलाश मानसरोवर की यात्रा करने जाते हैं. हाल ही में असम में अरुणाचल प्रदेश को जोड़ने वाले ब्रह्मपुत्र नदी पर बने देश के